फेसबुक पढ़ता है लोगों के प्राइवेट मैसेज, केस हुआ दर्ज

  • फेसबुक पढ़ता है लोगों के प्राइवेट मैसेज, केस हुआ दर्ज
You Are HereInternational
Saturday, January 04, 2014-4:40 PM

वॉशिंगटन: अमेरिका में फेसबुक पर मुकदमों की बरसात हो गई है। फेसबुक पर आरोप है कि यह यूजर राइट्स का उल्लंघन करके प्राइवेट मैसेजों को पढ़ कर डेटा एकत्र करता है।

दो लोगों ने इस बात का दावा किया है कि यह सोशल साइट लोगों की प्राइवेट बातें स्कैन करके सूचना को विज्ञापनदाताओं, मार्केटिंग करने वालों और अन्य को दे देती है। जिन दो लोगों ने फेसबुक पर यह केस किया है। वह अमेरिका के अलग-अलग प्रांतों में रहते हैं और यह केस फेसबुक इस्तेमाल करने वालों की ओर से किए गए हैं, जिसमें कहा गया कि फेसबुक ने यूजरों के डेटा निकालने की बात छुपा ली है।

यह मामला गूगल के मामले की ही तरह है, जिसमें उस पर आरोप लगा है कि वह जी-मेल के कंटेंट स्कैन करके प्राइवेसी का उल्लंघन कर रहा है। 2011 में  फेसबुक ने टार्गेटेड विज्ञापनों से 2.7 अरब डॉलर की राशि भी कमाई।

ये केस इलेक्ट्रॉनिक कम्युनिकेशन्स प्राइवेसी ऐक्ट और कैलिफोर्निया प्राइवेसी कानून के तहत किए गए हैं। 30 दिसंबर को यह मुकदमा उत्तरी कैलिफोर्निया के यूएस डिस्ट्रिक्ट कोर्ट में दाखिल किया गया है। इसमें कहा गया है कि फेसबुक में प्राइवेट मैसेज इसलिए भेजे जाते हैं कि यूजर यह सोचता है कि वह एक ऐसी सेवा ले रहा है, जो हर तरह की निगरानी से मुक्त है। ऐसी हालत में वह कुछ ऐसी बातें भी बता जाता है, जो आम तौर पर वह नहीं बताता। यह फेसबुक के लिए एक लाभप्रद मौका रहा है।

आपको बता दें कि एक सर्वे के अनुसार, अमेरिका में फेसबुक सबसे ज्यादा पसंद किया जाने वाली सोशल साइट है और इसे 71 प्रतिशत ऑनलाइन लोग इस्तेमाल करते हैं। फेसबुक पर पहले भी प्राइवेसी के मामले को लेकर काफी केस दर्ज हैं। पिछले वर्ष उसने यूजर नेम और इमेज के इस्तेमाल पर एक बड़ा मुकदमा निपटाया भी है।
 


विवाह प्रस्ताव की तलाश कर रहे हैं ? भारत मैट्रीमोनी में  निःशुल्क  रजिस्टर  करें !

Recommended For You