हाईकोर्ट ने पुलिस आयुक्त के सर्कुलर को रद्द करने से किया इंकार

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Wednesday, October 23, 2013-6:21 PM

नई दिल्ली, (मनीषा खत्री):दिल्ली के विभिन्न थानों में काम करने वाले थानेदारों को अब लंबी ड्यूटी करनी ही होगी और घर जाने के लिए अपने वरिष्ठों की दया पर निर्भर रहना होगा। चूंकि दिल्ली उच्च न्यायालय ने उस सर्कुलर को रद्द करने से इंकार कर दिया है,जो इस संबंध में पुलिस प्रशासन की तरफ से जारी किया गया था।

न्यायालय ने इस संबंध में दायर जनहित याचिका को खारिज करते हुए कहा कि वह विभाग के प्रशासनिक आदेश में हस्तक्षेप नहीं कर सकते हैं। याचिका में कहा गया था कि थानों के थानाध्यक्ष अमानवीय परिस्थितियों में काम कर रहे हैं। उनसे बिना छुट्टी दिए 24 घंटे काम कराया जा रहा है।

मुख्य न्यायाधीश एन.वी.रामना की अध्यक्षता वाली खंडपीठ ने कहा कि थानाध्यक्ष कितने घंटे काम करेंगे,यह देखना विभाग का काम है। विभाग के इस निर्णय में हम हस्तक्षेप नहीं कर सकते हैं। अगर संबंधित पुलिसकर्मी इस फैसले से प्रभावित हो रहे हैं तो वह सरकार के समक्ष अपना पक्ष रख सकते हैं।

पुलिस प्रशासन ने जारी किया था सर्कुलर: खंडपीठ के समक्ष अधिवक्ता ए.के.बिस्वास ने जनहित याचिका दायर की थी। इस याचिका में कहा गया था कि उस सर्कुलर को वापिस लिया जाए जो पुलिस आयुक्त ने जारी किया है। इस सर्कुलर में कहा गया था कि थानाध्यक्षों को 24 घंटे काम करना होगा और उनको बिना अनुमति लिए घर जाने की अनुमति नहीं होगी। सर्कुलर में कहा गया है कि अगर किसी काम से थानाध्यक्ष अपने घर जाना चाहते हैं तो वह सप्ताह में एक रात के लिए अपने घर जा सकते हैं और उसके लिए भी अपने वरिष्ठ अधिकारी से अनुमति लेनी होगी।

थाने की जिम्मेदारी होती है थानेदार पर:
पुलिस ने इस मामले में एक हलफनामा दायर करके थानाध्यक्षों के काम की प्रकृति के बारे में विस्तार से बताया था। इस हलफनामे में कहा गया था कि पुलिस अधिकारी के काम की प्रकृति गंभीर होती है और सीधा आम जनता से जुड़ी होती है। ऐसे में पुलिस को अपनी प्रैक्टिस जारी रखनी होती है ताकि वह पब्लिक को अच्छी सेवाएं दे सकें। इतना ही नहीं थानाध्यक्ष उसके थाने में काम करने वाले सभी कनिष्ठों के काम के लिए जिम्मेदार होता है। ऐसे में अगर वह हर दिन घर जाएगा तो एमरजेंसी वालों मामलों में उसका नियंत्रण कमजोर हो जाएगा। ऐसे में मामलों की जांच प्रभावित हो सकती है और कोई गंभीर परिस्थिति हाथ से निकल सकती है।


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