'हैकर्स से बचाने के लिए ई-मेल सुरक्षा नीति जल्द'

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Monday, December 23, 2013-5:04 PM

तिरवनंतपुरम: साइबर सुरक्षा सुनिश्चित करने और सरकारी दस्तावेजों को हैकर्स से बचाने के लिए सरकार ई-मेल सुरक्षा नीति पर काम कर रही है। संचार एवं सूचना प्रौद्योगिकी राज्यमंत्री मिलिंद देवड़ा ने आज कहा कि इस नीति की घोषणा जल्द की जाएगी। यहां प्रेस से मिलिए कार्यक्रम में देवड़ा ने कहा कि नीति के तहत देश में सार्वजनिक क्षेत्र के सभी कर्मचारियों (के मेल आईडी) को राष्ट्रीय सूचना केंद्र (एनआईसी) के डोमेन (अधिकार क्षेत्र) में लाया जाएगा।
 
देवड़ा ने कहा कि साइबर अपराध किसी विशेष संस्थान, राज्य या देश से जुड़े नहीं हैं। हमें इससे स्थानीय पुलिस तथा अंतरराष्ट्रीय एजेंसियों के सहयोग और संस्थागत क्षमता के साथ निपटना होगा। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय साइबर सुरक्षा नीति के तहत हम सरकारी कर्मचारियों के लिए नई ईमेल नीति बनाने का प्रयास कर रहे हैं। इससे कर्मचारी विदेशी ईमेल सेवाओं मसलन जीमेल से हट सकेंगे और एनआईसी द्वारा प्रबंधित सरकारी ईमेमल डोमेन निक.इन में आ सकेंगे।

देवड़ा ने कहा कि देश का अपना ‘क्लाउड’ उपलब्ध है। ऐसे में लोगों के विदेशी सेवा प्रदाताओं पर निर्भर रहने की कोई वजह नहीं है। देवड़ा ने बीएसएनएल, डाक विभाग तथा सी-डैक के अधिकारियों के साथ विचार विमर्श किया। उन्होंने कहा कि मंत्रालय यहां तीन नए डाकघर तथा डाक घर के कर्मचारियों के लिए प्रशिक्षण केंद्र आवंटित करने की योजना बना रहा है।


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