सपा नेता से भिडऩे पर रातो रात सीओ का तबादला

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Saturday, January 04, 2014-11:16 AM

मुजफ्फरनगर: प्रदेश में जिस तरह से समाजवादी पार्टी भारी बहुमत से सत्ता में आई थी। सपा के इस तरह सत्ता में आने से आम जन को एक उम्मीद जगी थी कि शासन जनता की मदद करेगा। मगर अब उसकी किरकिरी कराने में सपा सरकार के ही नेता कोई कसर बाकी नहीं छोड़ रहे है। जैसे-जैसे लोकसभा चुनाव नजदीक आ रहे है उतनी ही तेजी के साथ सपा के नेता व कार्यकर्ता छवि को खराब करने में लगे हुए है। राह चसते लोगों से बदमीजी, अवैध कामों के साथ पुलिस प्रशासन को हेकड़ी दिखाना व पुलिस प्रशासन पर अनावश्यक दबाव बनाने के प्रकरण प्रतिदिन सामने आ रहे है। गत दिवस  सपा युवजन सभा के एक नेता के साथ जब एक पुलिस अधिकारी ने अपनी ड्यूटी को निभाते हुए वाहन चैकिंग का प्रयास किया तो इन साहब ने सीओ का गिरेबान पकडऩे का प्रयास किया और गासी गलौच कर दी। यहीं नहीं इसके बाद सीओ का तबादला भी जिले से करा दिया गया। एक राज्यमंत्री ने खालापार के एक चर्चित युवक को छुड़ाने के लिए मेरठ पुलिस को फोन घूमा डाला पुलिस के सामने अब धर्म संकट यह है कि वह किस तरह से अपनी ड्यूटी का पारदर्शी और ईमानदारी के साथ निर्वाह करे और नागरिकों के बीच उसकी छवि सही बनी रहे और पुलिस के प्रति आम नागरिक का विश्वास भी कायम हो।

उत्तर प्रदेश में सपा सरकार जिस तूफान के साथ आई थी अब उसी के नेता और कार्यकर्ता उसकी छवि को बट्टा लगा चुके है। सपा के अधिकाशं छोटे बड़े नेता और कार्यकर्ता नौकरशाहों और अधिकारियों को अपनी फोन की धुन पर नचाना चाहते है। विशेषकर नेता गलत कार्यो के लिए ही दबाव बनाते है। सपा नेताओं की देन है कि जिले में कई बड़े अपराधिक कांड सही तरह से नहीं खुल पाये और फर्जी और निर्दोष लोगों को दबाव में जेल भेज दिया गया। पुलिस सूत्रों के अनुसार हर थाने में सपा के सपफेदपोश नेताओं का आतंक है और वे अपने हिसाब से हर आने वाली शिकायत को सैट करते है। शहर में पिछले दिनों सीआे मंडी के नये पद पर सुनील कुमार सिंह आये थे लेकिन उनके लिए सपा नेताओं ने बहुत भारी कर दिया। वो गांधी कालोनी क्षेत्र में अपनी ड्यूटी को मुस्तैदी से निभाते हुए वाहनों की चैकिंग कर रहे थे तभी वहां बाईकर्स गैंग की तरह तेज आवाज के साथ कुछ लड़के पहुंचे।

पुलिस ने इन्हे रूकने का इशारा किया किन यह भाग खड़े हुए। पुलिस ने काफी दूर जाकर इन्हे पकड़ा ये लोग वाहनों के कागजात दिखाने के बजाये अपने आप को सपा नेता बताकर सीआे पर रौब गालिब करने लगे और उनका गिरेबान भी पकड़ लिया। इस असहज स्थिति में पुलिस से भी राह नहीं गया पुलिस ने भी जमकर एसे नेताओं की गुद्दी पर झांझ उतारी। इस स्थिति के बाद सपा नेताओं से राह नहीं गया। उन्होंने आला नेताओं से शिकायत कर सपा नेता का रातोरात तबादला करा दिया। इस घटना की पुलिस महकमे में भी दबी जबान से घोर निंदा हो रही है। वहीं उत्तर प्रदेश के एक राज्यमंत्री ने भी खालापार के एक चर्चित युवक के बेटे को छुड़ाने के लिए मेरठ की दौराला पुलिस को फोन कर दिया। बताया जाता है कि हथियारों के साथ यह युवक अन्य कई साथियों के साथ आल्टो कार में जा रहा था और पुलिस के रोकने पर हीं रूका। जब इनको पकड़ा गया तो इनकी गाड़ी की तलाशी में हथियार व आपत्तिजनक सामान थे।

इन युवकों के चर्चित पिता ने एक राज्यमंत्री को फोन कर लड़कों को छुड़ाने के लिए कहा मंत्री जी ने दौराला पुलिस से बातचीत की लेकिन पुलिस ने उनकी एक भी न सुनी और इन्हे टोल प्लाजा पर धर दबोचा। सपा नेताओं के अनावश्यक हस्तक्षेप से पुलिस प्रशासनिक मशीनरी जहां असहाय सी दिखाई दे रही है वहीं उनके कामों में रोडा अटकाकर नेता नेतागर्दी करने में लगे हुए है। नेताओं के बढ़ती दखलअंदाजी से आम जनता भी बहुत परेशान हो चली है।

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