Subscribe Now!

1984 दंगा मामला: अभियोजक को नष्ट दस्तावेजों का ब्योरा देने को कहा गया

  • 1984 दंगा मामला: अभियोजक को नष्ट दस्तावेजों का ब्योरा देने को कहा गया
You Are HereNational
Friday, February 07, 2014-9:24 PM

नई दिल्ली: 1984 के सिख विरोधी दंगा मामले की सुनवाई कर रही दिल्ली की एक अदालत ने आज सरकारी वकील को निर्देश दिया कि वे उन दस्तावेजों जिसे कथित तौर पर कुछ पुलिस अधिकारियों ने नष्ट कर दिया है और मामले में उसकी प्रासंगिकता के संबंध में एक सप्ताह में ब्योरा दें। अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश कामिनी लाउ ने विशेष लोक अभियोजक (एसपीपी) बी एस जून को ब्योरा देने को कहा कि किस दंगा मामले के कौन से दस्तावेज गायब हैं।

अदालत ने चार लोगों की हत्या के सिलसिले में नांगलोई थाने में 1991 में दर्ज मामले में रोजाना आधार पर अंतिम दलीलों पर सुनवाई के लिए 24 फरवरी की तारीख निर्धारित की। अदालत ने बचाव पक्ष के वकील को अदालत की ओर से उठाए गए कानून और तथ्य के 10 मुद्दों पर अपना जवाब दायर करने के लिए एक हफ्ते का वक्त दिया। उन्हें आज तक अपना जवाब दायर करना था। अदालत ने पुलिस उपायुक्त (कानून) को सुरक्षा के मुद्दे का अपने स्तर पर दोबारा मूल्यांकन करने को कहा। जून की जान को खतरा होने के मद्देनजर पहले सुरक्षा दी गई थी लेकिन हाल में उसे वापस ले लिया गया था।

अपना सही जीवनसंगी चुनिए| केवल भारत मैट्रिमोनी पर- निःशुल्क रजिस्ट्रेशन

Recommended For You