बचपन से रेल की सीटी सुनने को बेताब थे, आजादी के 67 साल बाद...

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Monday, February 10, 2014-10:26 PM

दुमका: आजादी के 67 वर्ष के बाद झारखंड के मंदारहिल दुमका रेल खंड पर अवस्थित बारापलासी स्टेशन पर पहली बार दिन के करीब साढे चार बजे चालक आर.एन दास और सहायक चालक कुंदन कुमार पैसेंजर ट्रेन लेकर आज पहुंचे। बारापलासी और आस पास के गांव के हजारों लोगों ने हाथ हिलाकर इस ट्रेन का स्वागत किया।

इसके बाद बारापलासी स्टेशन से गार्ड बी के मोदी ने दिन के चार बजकर 55 मिनट पर हरी झंडी दिखाकर ट्रेन को रवाना किया। इससे पहले दिन के तीन बजकर 55 मिनट पर दुमका के वरीय स्टेशन प्रबंधक श्रीप्रकाश और ईस्टर्न जोन निर्माण के जिला अभियंता हरीश मजूमदार ने हरी झंडी दिखा कर दुमका से बारापलासी के लिए इस पैसेंजर ट्रेन को रवाना किया।

76 वर्षीय वृद्ध चुरामणि यादव ने अपने खुशी का इजहार करते हुए कहा कि उनके जीवन का सपना साकार हो गया। वे बचपन से रेल की सीटी सुनने के लिए बेताब थे। आज उनका सपना साकार हो गया। ईस्ट्रन जोन निर्माण के जिला अभियंता मजूमदार ने बताया कि प्रथम चरण मंदारहिल दुमका रेल खंड पर दुमका से बापापलासी तक 14 किलोमीटर रेल मार्ग पर आज से रेल सेवा शुरु किए जाने से इस क्षेत्र के लोगों के विकास का मार्ग प्रसस्त होगा।

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