जम्मू कश्मीर को कुछ साहसिक फैसले की जरूरत : महबूबा

  • जम्मू कश्मीर को कुछ साहसिक फैसले की जरूरत : महबूबा
You Are HereNational
Thursday, December 15, 2016-12:35 PM

श्रीनगर : जम्मू-कश्मीर के लोगों के घावों को भरने का समय आ गया है कि बात करते हुए मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती ने कहा कि राज्य को इस संबंध में कुछ साहसिक फैसले की जरूरत है। उन्होंने जम्मू-कश्मीर पुलिस से राज्य के लोगों के कष्टों, जो उन्होंने हाल के पूर्व दिनों के दौरान झेले हैं, को कम करने में अपनी भूमिका निभाने के लिए कहा।
पांपोर के लेथपोरा के कमांडो ट्रेनिंग सेंटर में आज शपथ एवं पासिंग आउट परेड को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि जम्मू-कश्मीर के लोगों के लिए बहुत आवश्यक राहत, जिसे पाने के लिए वे लंबे समय से तरस गए हैं, कुछ साहसिक और कड़े फैसले लेने का समय आ गया है। उन्होंने कहा कि क्षेत्रों व लोगों के बीच मतभेदों को कम करने के लिए आगे बातचीत, चर्चा के अलावा कोई रास्ता नहीं है।


महबूबा मुफ्ती ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को देश के लोगों ने एक विशाल जनादेश दिया है, जिन्होंने मतभेदों को कम करने के लिए लाहौर का दौरा करना का साहसिक निर्णय लिया और उम्मीद थी कि राज्य के लोगों को वर्तमान दलदल से बाहर निकालने के लिए वह ऐसे अन्य साहसिक निर्णय भी लेगें। जो वाजपेयी ने अपने कार्यकाल के दौरान किया था, जिससे न केवल सीमाओं पर एक दशक लंबी शांति सुनिश्चित हुई बल्कि विभाजन के दोनों पक्षों के मन भी खोले, हमे उसे दोहराना होगा।’’
जम्मू-कश्मीर पुलिस से इस मिशन को आगे ले जाने में अपनी भूमिका निभाने के लिए कहते हुए, मुख्यमंत्री ने कहा कि उनके सामने एक बड़ी चुनौती राज्य में पिछले पांच महीनों के दौरान सामना कर रहे लोग के लिए हाथ आगे बढ़ाना होगा। उन्होंने कहा कि पुलिस को बुजुर्ग, युवा और घायलों तक पहुँचने की जरूरत है और समुदाय पुलिस के उपक्रम के अलावा सामान्य जनता तथा आपराधिक तत्वों के बीच अंतर करना होगा।


महबूबा मुफ्ती ने कहा कि वह जम्मू-कश्मीर में जहां कुछ सख्त कानून शायद ही कभी इस्तेमाल किया जाएगे और चारों ओर सुलह का माहौल हो जाएगा। उन्होंने आशा जताई कि बल के अधिकारी जवानों ने यह सब सुनिश्चित करने में उनकी भूमिका अदा कर सकते है।
कैडेटों को कानून को कायम रखने के लिए काम करने के लिए मुख्यमंत्री ने कहा कि वे जमीन पर सरकार का प्रतिनिधत्व करते हैं और अपने कार्यों और व्यवहार से उन्हें लोगों का दिल जीतना चाहिए।


उन्होंने कहा कि पेशेवर पुलिस की क्षमता बिना या कम से कम बल प्रयोग से नहीं बल्कि अनुनय के साथ संकट को नियंत्रित करने में निहित है।
इससे पूर्व, पुलिस महानिदेशक, के राजेंद्र कुमार ने मुख्यमंत्री का स्वागत किया और कांस्टेबलों को बधाई दी। उन्होंने जवानों और कांस्टेबुलरी के लिए उनके संगठन द्वारा उठाए गए कल्याणकारी उपायों का ब्यौरा दिया।

 

यहाँ आप निःशुल्क रजिस्ट्रेशन कर सकते हैं, भारत मॅट्रिमोनी के लिए!

Recommended For You