सबसे छोटी बच्ची को डॉक्टरों ने दी नई जिंदगी

You Are HereNational
Friday, January 12, 2018-11:41 AM

उदयपुर: राजस्थान के उदयपुर में एक अस्पताल ने दक्षिण एशिया में अब तक की सबसे छोटे एवं कम वजनी शिशु को बचाकर नया कीर्तिमान स्थापित किया हैं।  जीवंता हॉस्पिटल के निदेशक डा. सुनील जांगिड ने आज यहां पत्रकारों को बताया कि गत वर्ष यहां एक अस्पताल में एक बच्ची का जन्म हुआ जिसका वजन मात्र चार सौ ग्राम तथा लंबाई मात्र 22 सेमी थी। उन्होंने बताया कि जन्म के समय बच्ची श्वास नहीं ले पा रही थी, शरीर नीला पड़ रहा था लेकिन जीवंता हॉस्पिटल ने इसे अपने यहां भर्ती कर इसको बचाने की चुनौती ली। टीम की निगरानी में उपचार शुरू किया।
PunjabKesari
प्रारंभिक दिनों में शिशु की नाजुक त्वचा से शरीर के पानी का वाष्पीकरण होने से उसका वजन 360 ग्राम तक के स्तर पर आ गया। आंते अपरिपक्व एवं कमजोर होने के कारण दूध का पचना संभव नहीं हो रहा था। इस स्थिति में शिशु के पोषण के लिए सभी आवश्यक पोषक तत्व जैसे ग्लूकोज, प्रोटीन्स और वसा उसे नसों द्वारा ही दिए गए। उन्होंने बताया कि आज सात महीने की मेहनत के बाद बच्ची का वजन 2400 ग्राम हो गया है और वह पूरी तरह स्वस्थ हैं तथा उसे अस्पताल से छुट्टी दे दी गई।
PunjabKesari
डा. जांगिड ने बताया कि अब तक दक्षिण एशिया में इतने कम वजनी शिशु के अस्तित्व की कोई रिपोर्ट नहीं हैैं। इससे पहले भारत में अब तक 450 ग्राम वजनी शिशु का पंजाब के मोहाली में वर्ष 2012 में उपचार किया गया था।

PunjabKesari

अपना सही जीवनसंगी चुनिए| केवल भारत मैट्रिमोनी पर- निःशुल्क रजिस्ट्रेशन

Recommended For You