पी.यू. में हुआ पहला ट्रांसजेंडर फैशन शो, देखें तस्वीरें

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Saturday, November 19, 2016-1:48 AM

चंडीगढ़, (रश्मि): समाज में, सड़क पर चलते हुए लोग उन पर फब्तियां कसते हैं, उनको आम इंसान भी नहीं समझना चाहते। लेकिन हम मानते हैं कि ‘जो जैसा है, उसे वैसा ही स्वीकारा जाना चाहिए।’ युवाओं की इसी नई सोच को मजबूती देने के लिए पंजाब यूनिवर्सिटी स्टूडेंट्स की एनजीओ ‘दि क्रू’ ने ‘ट्रांसजेंडर्स’ के लिए फैशन शो शुक्रवार को आयोजित किया।

पी.यू. में हुए ट्रांसजैंडर फैशन शो में किन्नरों ने हिस्सा लिया। कुछ बातें भी शेयर की 500-1000 के नोट अगर कोई हमें शगुन में देता है तो हम उसे मना नहीं करते हैं। नोटबंदी को लेकर प्रधानमंत्री का यह यह निर्णय सराहनीय है। साल 2017 देश के लिए अच्छा होगा। यह कहना है किन्नर काजल मंगलामुकी का जो पंजाब यूनिवर्सिटी में ‘क्रियू’ की तरफ से ट्रांसजैंडर फैशन शो में शामिल होने के लिए शहर आई थी। शो में दिल्ली, मुम्बई, लखनऊ  और गोवा से किन्नर शामिल हुए। काजल मंगलामुखी मनीमाजरा डेरे में रहती है।
 काजल ने बताया कि 14 साल की होने पर वह घर से भाग कर मैसूर कर्नाटक  चली गई। काजल 9वीं तक पढ़ी है पर 9 भाषओं का ज्ञान रखती है। काजल ने बताया कि  उसका कोई दोस्त नहीं और अकेले ही रहती थी। काजल के मुताबिक घर से भाग कर रहना व रोजी-रोटी कमाना बेहद मुश्किल था, लेकिन जब वह अपने डेरे से जुड़ गई तो सब ठीक हो गया। काजल ने कहा कि लोग अब उन्हें सम्मान की नजरों से देखते हैं। उन्हें भी समान अधिकार दिए जा रहे हैं तो उन्हें अच्छा लगता है। 

क्लासिकल डांस में निपुण है माही: 
माही सहारनपुर यू.पी. से है और 12 साल से अपना सैलून चलाती है। माही ने क्लासिकल डांस भी सीखा है। उन्होंने  बताया कि  उसे माता-पिता ने कभी प्रोत्साहित नहीं किया। कालेज में भी लड़के उन्हें सैक्सुअली हरास करते थे। ऐसे में वह घर से भाग गई। उसने रोजी-रोटी के लिए बैंगलोर डांस बार में 3 साल तक काम किया लेकिन बाद में यह काम छोड़ डांस शो करने लगी। माही ने बताया कि जब वह अपना सैलून चलाने लगी व पैसे कमाने लगी तो घर वालों ने भी उसे अपना लिया। माही ने बताया कि अब समाज में उन्हें नई पहचान मिली है। 


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