<

महिला उत्पीडऩ मामले में पुलिस प्रशासन ने साधी चुप्पी

  • महिला उत्पीडऩ मामले में पुलिस प्रशासन ने साधी चुप्पी
You Are HereNational
Thursday, April 03, 2014-3:48 PM

शिमला: पूर्व मुख्यमंत्री प्रेम कुमार धूमल के हनुमान कहे जाने वाले हमीरपुर के पूर्व-विधायक बलदेव शर्मा पर दुराचार खिलाफ हुई एफआइआर से हमीरपुर जिला में राजनीति गर्मा गई है। महिला ने पूर्व-विधायक बलदेव शर्मा पर जो आरोप लगाए है उनमें कितनी सच्चाई है यह तो जांच के बाद पता चल पाएगा लेकिन लोकसभा चुनाव के दौरान अचानक सामने आए इस मामले पर प्रदेश सहित बड़सर में चर्चाओं का बाजार गर्म है। लोकसभा चुनाव के दौरान भाजपा अब कांग्रेस के चक्रव्यूह में फंसती नजर आ रही हैं और इसका लोकसभा चुनाव पर कितना असर पड़ता, यह भी सामने ही दिख रहा है। दूसरी तरफ बलदेव शर्मा पर दुराचार का मामला दर्ज करने के बाद पुलिस प्रशासन ने इस मामले में पूरी तरह चुप्पी साध ली है। बुधवार को प्रदेश भर में इस मामले में बलदेव शर्मा की गिरफ्तारी की अटकलें जारी रही।

सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार कुछ भाजपा के लोगों का कहना है कि बलदेव शर्मा शिमला के पुलिस थाना बालूगंज में इस बाबत अपना बयान देने के लिए पहुंचे वही दूसरी ओर यह भी सुनने को मिला कि बलदेव शर्मा को हिमाचल और हरियाणा के सीरसा बॉर्डर के समीप एक ट्रक में जाते हुए उस समय गिरफ्तार कर दिया गया जब वह प्रदेश से भागने की तैयारी में थे। लेकिन यह अटकलें दिन भर यूं ही चलती रही।  वहीं इन अटकलों पर विराम लगाने के लिए पुलिस द्वारा भी कोई जानकारी प्रेस से सांझा नहीं की गई। पूर्व-विधायक के खिलाफ दुराचार जैसे बड़े और हाई-प्रोफाइल मामले में पुलिस की दिन भर चुप्पी बनी रही। इस मामले में पुलिस प्रशासन की ओर से कोई जानकारी मीडिया तक नहीं पहुंचाई। शिमला जिला पुलिस अधीक्षक अभिषेक दुल्लर और पुलिस थाना बालुगंज प्रभारी गोपाल शर्मा को दूरभाष से संपर्क किया जाता रहा लेकिन उन्होंने फोन नहीं उठाए साथ ही 8:30 के बाद थाना प्रभारी का फोन ही स्वीच ऑफ हो गया। जिससे साफ जाहिर होता है कि पुलिस प्रशासन इस मामले में मीडिया को कोई भी जानकारी देने से फिलहाल कतरा रही है, जो इस मामले को ओर भी पैचीदा बना रहा है।


विवाह प्रस्ताव की तलाश कर रहे हैं ? भारत मैट्रीमोनी में  निःशुल्क  रजिस्टर  करें !

Recommended For You