
बच्चों को यौन शोषण से बचाने के लिए बनने जा रहे नए कानून प्रोटेक्शन ऑफ चिल्ड्रन फ्रॉम सेक्सुअल ऑफेंसेस एक्ट (पीसीएसओए) के प्रावधानों पर गौर करने से पता चलता है इस कानून का एक प्रमुख प्रावधान यह है कि 18 साल से कम उम्र में सहमति के बावजूद सेक्स करना गैरकानूनी होगा।

बच्चों के साथ होने वाले यौन शोषण पर संसद में बिल पास कर दिया गया है। बिल पास होने से ऐसे मामलों का निपटारा एक साल के भीतर कर दिया जाएगा।