Phuket Delhi Flight: गांजा पीकर उड़ाई फ्लाइट... ड्रग टेस्ट में फेल हुआ पायलट, एयर इंडिया ने तुरंत नौकरी से निकाला

Edited By Updated: 05 Sep, 2026 08:17 AM

air india air india pilot drug test positive drug test phuket delhi flight

4 अगस्त को फुकेत से दिल्ली आ रही एयर इंडिया की फ़्लाइट AI 2379 के पायलट-इन-कमांड का साइकोएक्टिव पदार्थ (नशीले पदार्थ) का टेस्ट पॉज़िटिव आया था। एयर इंडिया ने कहा कि सुरक्षा, फ़िटनेस या नियमों के उल्लंघन के मामले में 'ज़ीरो-टॉलरेंस' की नीति के तहत...

नई दिल्ली:  4 अगस्त को फुकेत से दिल्ली आ रही एयर इंडिया की फ़्लाइट AI 2379 के पायलट-इन-कमांड का साइकोएक्टिव पदार्थ (नशीले पदार्थ) का टेस्ट पॉज़िटिव आया था। एयर इंडिया ने कहा कि सुरक्षा, फ़िटनेस या नियमों के उल्लंघन के मामले में 'ज़ीरो-टॉलरेंस' की नीति के तहत पायलट की नौकरी तुरंत खत्म कर दी गई है। इससे पहले भी नागरिक उड्डयन मंत्रालय (MoCA) ने मामले का संज्ञान लिया था तो भी जांच में पता चला कि पायलट-इन-कमांड का स्क्रीनिंग टेस्ट में मारिजुआना (गांजा) के लिए टेस्ट पॉज़िटिव आया था।

 बता दें कि  4 अगस्त को फुकेत से दिल्ली आ रही एयर इंडिया की फ़्लाइट AI 2379 में हवा के दौरान अचानक तेज झटके 'टर्बुलेंस' लगे, जिससे विमान करीब 300 फ़ीट नीचे आ गिरा। इस हादसे में 4 क्रू मेंबर्स सहित 17 यात्री घायल हो गए, जिनमें से एक क्रू मेंबर की रीढ़ और गर्दन में गंभीर चोट आई। दिल्ली उतरने के बाद कुल 24 लोगों को तुरंत मेडिकल सहायता दी गई।

एयरक्राफ़्ट एक्सीडेंट इन्वेस्टिगेशन ब्यूरो (AAIB) की शुरुआती रिपोर्ट के मुताबिक, विमान के तीनों हाइड्रोलिक सिस्टम-ग्रीन, ब्लू और येलो-महज़ चार सेकंड के भीतर एक साथ बंद हो गए। इस अचानक आई खराबी के कारण विमान का ऑटोपायलट बंद हो गया, स्टॉल वार्निंग बजने लगी और विमान अचानक 372 फ़ीट ऊपर जाने के बाद 292 फ़ीट नीचे गिर गया। हवा में लगे इस ज़बरदस्त झटके (अल्टिट्यूड अपसेट) के कारण विमान में सवार 145 लोगों में से 24 यात्री घायल हो गए।

वहीं दूसरी ओर, एविएशन एक्सपर्ट्स और इंजीनियर्स के अनुसार, A320 विमान में तीनों हाइड्रोलिक सर्किट का एक साथ फेल होना लगभग असंभव माना जाता है, क्योंकि इसे ट्रिपल-रिडंडेंट सुरक्षा डिज़ाइन के साथ बनाया गया है। बता दें कि हाइड्रोलिक प्रेशर ही विमान के पंखों (विंग्स) और पूंछ (टेल) के हिस्सों को हिलाकर उसे मोड़ने, ऊपर-नीचे करने और दिशा कंट्रोल करने में मदद करता है।

सिस्टम ठप होते ही सबसे पहले को-पायलट ने प्रतिक्रिया दी, जिसके बाद कैप्टन ने कंट्रोल संभाला। कुछ ही सेकंड में सबसे पहले 'ब्लू सिस्टम' और फिर 'येलो' व 'ग्रीन' सिस्टम खुद ही री-स्टार्ट हो गए, जिससे स्थिति पर काबू पा लिया गया। फिलहाल AAIB ने हाइड्रोलिक पार्ट्स, फ्लूइड सैंपल और रिकॉर्डर डेटा जब्त कर जांच शुरू कर दी है।  

Related Story

Trending Topics

img title
img title

Be on the top of everything happening around the world.

Try Premium Service.

Subscribe Now!