Edited By Pardeep,Updated: 22 May, 2026 11:28 PM

साइबर सिटी गुरुग्राम में शुक्रवार रात उस समय हाहाकार मच गया, जब शहर का एक बड़ा हिस्सा अचानक पूरी तरह से अंधेरे में डूब गया। सेक्टर-72 स्थित 220 KVA बिजली घर का मुख्य ट्रांसफार्मर अचानक फुंक जाने के कारण एक साथ सात बिजली घर बंद हो गए। इस भीषण खराबी की...
नेशनल डेस्क: साइबर सिटी गुरुग्राम में शुक्रवार रात उस समय हाहाकार मच गया, जब शहर का एक बड़ा हिस्सा अचानक पूरी तरह से अंधेरे में डूब गया। सेक्टर-72 स्थित 220 KVA बिजली घर का मुख्य ट्रांसफार्मर अचानक फुंक जाने के कारण एक साथ सात बिजली घर बंद हो गए। इस भीषण खराबी की वजह से शहर के हजारों उपभोक्ताओं को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
रैपिड मेट्रो के थमे पहिए, स्टेशनों पर मची अफरा-तफरी
बिजली के इस महा-संकट का सबसे बुरा असर रैपिड मेट्रो गुरुग्राम पर पड़ा है। मुख्य फीडर में आई खराबी के कारण पिछले करीब एक घंटे से मेट्रो सेवाएं पूरी तरह बाधित हैं। अचानक मेट्रो रुकने से यात्रियों में हड़कंप मच गया और वे स्टेशनों पर फंसे नजर आए। अपने गंतव्य तक पहुंचने के लिए लोग स्टेशन से बाहर निकलकर वैकल्पिक साधनों और ऑटो की तलाश में भटकते देखे गए।

इन इलाकों में छाया अंधेरा, उमस ने छुड़ाए पसीने
मुख्य ट्रांसफार्मर जलने से सेक्टर-15, सेक्टर-38, सेक्टर-44, सेक्टर-46, सेक्टर-52, सेक्टर-56 और मारुति 66 KVA बिजली घरों की सप्लाई बंद हो गई है। इसके चलते सेक्टर-38 से लेकर सेक्टर-57 तक के विशाल रिहायशी इलाकों में बिजली गुल है। भीषण गर्मी और उमस के बीच घंटों बिजली न होने से घरों, दुकानों और दफ्तरों में कामकाज ठप हो गया है, जिससे लोग त्राहि-माम कर रहे हैं। बिजली के अभाव में कई सोसायटियों में पानी की सप्लाई भी प्रभावित होने की खबरें आ रही हैं।
8 से 10 घंटे बाद मिल सकती है राहत
मामले की गंभीरता को देखते हुए बिजली विभाग की तकनीकी टीमें युद्ध स्तर पर मरम्मत कार्य में जुट गई हैं। अधिकारियों का कहना है कि फुंके हुए ट्रांसफार्मर को दुरुस्त करने या बदलने में कम से कम 8 से 10 घंटे का समय लग सकता है। विभाग को उम्मीद है कि मरम्मत का काम पूरा होने के बाद देर रात तक शहर के प्रभावित इलाकों में बिजली आपूर्ति बहाल कर दी जाएगी। फिलहाल, शहरवासी अंधेरे और गर्मी के साये में जीने को मजबूर हैं।