Edited By Utsav Singh,Updated: 21 Jul, 2024 02:25 PM
बढ़ती जनसंख्या पर नियंत्रण के लिए लिए केंद्र सरकार ने कानूनी रास्ता अपनाने की जगह अधिक प्रजनन वाले जिलों में मिशन मोड में परिवार नियोजन कार्यक्रम चलाने का रोडमैप बनाया है। सरकार ने 2016 में जनसंख्या नियंत्रण अभियान शुरू किया था।
नई दिल्ली: बढ़ती जनसंख्या पर नियंत्रण के लिए लिए केंद्र सरकार ने कानूनी रास्ता अपनाने की जगह अधिक प्रजनन वाले जिलों में मिशन मोड में परिवार नियोजन कार्यक्रम चलाने का रोडमैप बनाया है। सरकार ने 2016 में जनसंख्या नियंत्रण अभियान शुरू किया था। बढ़ती जनसंख्या से निपटने के लिए राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ सहित तमाम संगठन लंबे समय से नीति बनाने की मांग कर रहे हैं। ताजा आंकड़ों के आधार पर केंद्र का मानना है कि कानून बनाने से समस्या का असल समाधान नहीं होगा। बढ़ती आबादी से निपटने के लिए सरकार उन राज्यों और जिलों पर फोकस करेगी जहां जन्मदर राष्ट्रीय स्तर से और दूसरे राज्यों से ज्यादा है। देश की औसत जन्मदर 2.0 है। जबकि बिहार, झारखंड, मध्य प्रदेश, मणिपुर, मेघालय, राजस्थान और उत्तर प्रदेश में जन्मदर इससे ज्यादा है।
नड्डा ने शीर्ष अधिकारियों के साथ दो बैठकें की
भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा ने स्वास्थ्य मंत्री के तौर पर कार्यभार संभालने के बाद जनसंख्या नियंत्रण को लेकर शीर्ष अधिकारियों के साथ दो बैठकें की हैं। इनमें इस पर सहमति बनी है कि उन अब राज्यों पर फोकस रहेगा, जहां जन्मदर रिप्लेसमेंट दर (2.1) से अधिक है। जिन राज्यों में रिप्लेसमेंट दर 2.1 है, उनमें आबादी स्थिर हो गई है।
गौरतलब है कि केंद्र सरकार ने 8 साल पहले जनसंख्या नियंत्रण के लिए सात राज्यों के 146 जिलों में 'मिशन परिवार विकास' शुरू किया था। सरकारी आंकड़ों के मुताबिक इसके परिणाम सकारात्मक रहे हैं। संयुक्त राष्ट्र जनसंख्या कोष (यूएनएफपीए) की एक रिपोर्ट में भी यह बात सामने आई कि इन 146 जिलों में प्रोजेक्ट कारगर रहा। अब सरकार ने जनसंख्या नियंत्रण मिशन वाले जिलों की संख्या बढ़ाकर 340 कर दी है।देश में कुल जन्म दर 2.0 रह गई है, जो रिप्लेसमेंट स्तर से नीचे है। यानी आबादी नहीं बढ़ रही।
• देश के 29 राज्यों व केंद्र शासित प्रदेशों में कुल जन्मदर 2.0 के नीचे है।
• विभिन्न राज्यों में गर्भ निरोधकों का उपयोग 56.5% बढ़ा, परिवार नियोजन की जरूरत घटकर 9.4% रह गई।
सबसे ज्यादा 3.0 जन्मदर बिहार, 2.9 मेघालय में
नेशनल फैमिली हेल्थ सर्वे 5 के मुताबिक सबसे ज्यादा 3.0 जन्मदर बिहार और 2.9 मेघालय में है। इसके बाद यूपी में जन्मदर 2.4, झारखंड में 2.3, मणिपुर में 2.2, राजस्थान और मध्य प्रदेश में 2.0 है।
146 जिलों में चला था मिशन परिवार विकास
इस अभियान के तहत सुदूर इलाकों में परिवार नियोजन के सभी साधनों की उपलब्धता बढ़ाई गई। इन जिलों में अवेयरनेस कैंपेन के लिए 'सारथी' रथ चलाए गए। उन जगहों पर भी वालेंटियर्स पहुंचे जहां पहले नहीं पहुंचे थे। बड़ी आबादी तक संदेश पहुंचाने के लिए स्वास्थ्य विभाग ने प्रचार के वि विध माध्यमों का सहारा लिया।