महात्मा गांधी की हत्या पर बनी शॉर्ट फिल्म पर बवाल, नाथूराम गोडसे के रोल में हैं एनसीपी सांसद

Edited By Anil dev, Updated: 22 Jan, 2022 11:40 AM

mahatma gandhi nathuram godse maharashtra

महात्मा गांधी की हत्या करने वाले नाथूराम गोडसे पर शॉर्ट फिल्म को लेकर महाराष्ट्र में खासा बवाल मचा हुआ है।

नेशनल डेस्क: महात्मा गांधी की हत्या करने वाले नाथूराम गोडसे पर शॉर्ट फिल्म को लेकर महाराष्ट्र में खासा बवाल मचा हुआ है। इस फिल्म का नाम "व्हाई आई किल्ड गांधी" है और यह फिल्म 2017 में बनी थी। इसे अब रिलीज किया जा रहा है। इस फिल्म को लेकर बवाल इसलिए मचा है, क्योंकि फिल्म में गोडसे की भूमिका किसी और ने नहीं बल्कि राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) के सांसद अमोल कोल्हे ने निभाई है। अमोल कोल्हे पेशे से अभिनेता हैं। राजा शिव छत्रपति में वे छत्रपति शिवाजी के रोल के बाद काफी चर्चित भी हुए थे। इसके बाद वे राजनीति में आ गए हैं। 2014 में शिवसेना के स्टार प्रचारक थे। फरवरी 2019 में कोल्हे ने एनसीपी जॉइन की। शिवसेना जैसे तमाम हिंदू दक्षिणपंथी राजनीतिक संगठन गोडसे को लंबे वक्त से एक देशभक्त के रूप में बताते रहे हैं।

कोल्हे ने सोशल मीडिया पर दी अपनी सफाई
कोल्हे ने शिवसेना में रहकर फिल्म में गोडसे की भूमिका निभाई थी, लेकिन फिल्म रिलीज अब हो रही है, जब वे एनसीपी में पहुंच गए हैं। एनसीपी अपनी सहयोगी कांग्रेस की तरह ही गोडसे को देशभक्त कहे जाने के खिलाफ है। गोडसे पर जबरदस्त वैचारिक मतभेद और उनकी भूमिका निभाने को लेकर कोल्हे ने सोशल मीडिया पर लंबी पोस्ट लिखकर अपनी स्थिति स्पष्ट की है। उन्होंने लिखा, 'रील लाइफ' और 'वास्तविक जीवन' के बीच एक रेखा खींचने की जरूरत है, कोल्हे ने कहा कि एक कलाकार के रूप में काम करते समय कुछ भूमिकाएं चुनौतीपूर्ण होती हैं, भले ही वे चरित्र की विचारधारा से सहमत न हों। कोल्हे ने लिखा, जनता को भी खुले दिमाग और विचारों से एक आर्टिस्ट के काम को देखना चाहिए।

आवास मंत्री ने किया फिल्म में काम करने का विरोध
हालांकि एनसीपी में कोल्हे के सहयोगी महाराष्ट्र के आवास मंत्री जितेंद्र आव्हाड ने कहा कि कोल्हे बहुत अच्छे अभिनेता हैं लेकिन उन्हें गोडसे की भूमिका नहीं निभानी चाहिए थी। जितेंद्र आव्हाड ने कहा कि मैंने सभी गांधी विरोधी फिल्मों का विरोध किया है। उन्होंने कहा कि यह एक निजी वैचारिक विरोध है जब कोई अभिनेता किसी विशेष चरित्र को निभाता है तो वह चरित्र के विचार में आ जाता है। उन्होंने कहा कि एक सांसद के लिए इस तरह की भूमिका निभाना गलत है। कलाकार को समाज के साथ खड़ा होना चाहिए। जितेंद्र आव्हाड ने कहा कि विरोध विरोध होता है। एक अभिनेता और एक व्यक्ति के रूप में भूमिका दो अलग-अलग चीजें नहीं हो सकती हैं।

कांग्रेस बोली इसमें राजनीति की जरूरत नहीं
हालांकि महाराष्ट्र सरकार के स्वास्थ्य मंत्री और एनसीपी नेता राजेश टोपे ने कहा कि '"व्हाई आई किल्ड गांधी" यह 45 मिनट की फिल्म है। अमोल कोल्हे एक अच्छे अभिनेता और एक अच्छे कलाकार के रूप में जाने जाते हैं। भले ही उन्होंने नाथूराम गोडसे की भूमिका निभाई, उन्हें एक कलाकार के रूप में देखा जाना चाहिए। वहीं कांग्रेस नेता और राज्य सरकार में मंत्री असलम शेख ने कहा कि अमोल एक अभिनेता हैं। उन्हें जो रोल मिला उन्होंने किया इसलिए इसमें राजनीति नहीं होनी चाहिए। कलाकार के लिए जो मायने रखता है वह है भूमिका और उसे इसके लिए पैसा मिलता है।
 

Related Story

Trending Topics

Indian Premier League
Gujarat Titans

Rajasthan Royals

Teams will be announced at the toss

img title img title

Everyday news at your fingertips

Try the premium service

Subscribe Now!