भीमा-कोरगांव: पुणे पुलिस ने हिंसा के लिए यलगार परिषद के भाषणों को ठहराया जिम्मेदार

Edited By Yaspal,Updated: 04 Nov, 2018 08:25 PM

pune police upheld yalgaar council s speeches responsible

पुणे पुलिस ने एक न्यायिक आयोग के समक्ष कहा है कि यहां नजदीक स्थित कोरेगांव-भीमा में एक जनवरी को हुई हिंसा एक दिन पूर्व यलगार परिषद की सभा में दिए गए...

पुणेः पुणे पुलिस ने एक न्यायिक आयोग के समक्ष कहा है कि यहां नजदीक स्थित कोरेगांव-भीमा में एक जनवरी को हुई हिंसा एक दिन पूर्व यलगार परिषद की सभा में दिए गए ‘‘उकसाने वाले व भड़काऊ’’ भाषणों की वजह से हुई। पुणे पुलिस ने इस संबंध में हिंसा की जांच के लिए न्यायमूर्ति (सेवानिवृत्त) जेएन पटेल के नेतृत्व में महाराष्ट्र सरकार द्वारा गठित एक जांच आयोग के समक्ष शुक्रवार को हलफनामा दायर किया।

PunjabKesari

क्या है पूरा मामला
यलगार परिषद ने पिछले साल 31 दिसंबर को शनिवार वाड़ा में ईस्ट इंडिया कंपनी बलों द्वारा 1818 में पेशवा की सेना को हराने के उपलक्ष्य में कार्यक्रम आयोजित किया गया था। ईस्ट इंडिया कंपनी में काफी संख्या में दलित सैनिक शामिल थे। इसके कारण इस साल एक जनवरी को इलाके में हिंसा हुई। साथ ही पूरे राज्य में दलित संगठनों ने प्रदर्शन किया और तीन जनवरी को महाराष्ट्र में बंद रखा गया।

PunjabKesari

न्यायिक आयोग के समक्ष राज्य का प्रतिनिधित्व करने वाले विशेष लोक अभियोजक शिशिर हिरय ने बताया कि पुणे पुलिस की ओर से अतिरिक्त पुलिस आयुक्त (दक्षिणी क्षेत्र) रविन्द्र सेनगांवकर ने हलफनामा दायर किया। संपर्क करने पर सेनगांवकर ने हलफनामा दायर किये जाने की पुष्टि की।

PunjabKesari

हलफनामें में पुलिस ने क्या कहा
हलफनामा के ब्यौरे के बारे में हिरय ने रविवार को बताया, ‘‘मामले की जांच के दौरान पुणे पुलिस को लगा कि यलगार परिषद किसी तरह से खुद षडयंत्र का हिस्सा था।’’ पुलिस हलफनामे के हवाले से उन्होंने बताया, ‘‘और सम्मेलन में उकसाने और भड़काने वाले भाषणों ने लोगों को उत्तेजित किया और एक व्यापक साजिश के कारण आखिरकार भीमा-कोरेगांव में अगले दिन हिंसा हुई।’’

Related Story

Trending Topics

IPL
Chennai Super Kings

176/4

18.4

Royal Challengers Bangalore

173/6

20.0

Chennai Super Kings win by 6 wickets

RR 9.57
img title
img title

Be on the top of everything happening around the world.

Try Premium Service.

Subscribe Now!