Edited By Prachi Sharma,Updated: 18 Oct, 2026 12:01 PM

Sidhu Moosewala Brother : लॉयर्स फॉर ह्यूमन राइट्स इंटरनेशनल (रजि.), चंडीगढ़ ने मानसा के डिप्टी कमिश्नर और जिला बाल संरक्षण इकाई (District Child Protection Unit) के पास एक शिकायत दर्ज कराई है। इसमें दिवंगत पंजाबी गायक सिद्धू मूसेवाला के माता-पिता,...
Sidhu Moosewala Brother : लॉयर्स फॉर ह्यूमन राइट्स इंटरनेशनल (रजि.), चंडीगढ़ ने मानसा के डिप्टी कमिश्नर और जिला बाल संरक्षण इकाई (District Child Protection Unit) के पास एक शिकायत दर्ज कराई है। इसमें दिवंगत पंजाबी गायक सिद्धू मूसेवाला के माता-पिता, बलकौर सिंह और चरण कौर के लगभग ढाई साल के छोटे बेटे, सुखदीप सिंह सिद्धू (जिसे 'छोटा सिद्धू' भी कहा जाता है) की भलाई और स्थिति की जांच करने की मांग की गई है।
यह शिकायत 17 अक्टूबर को संगठन के महासचिव और वकील नवकिरण सिंह के माध्यम से दर्ज कराई गई है। इसमें इस बात पर चिंता जताई गई है कि सार्वजनिक मौकों पर बच्चे को कथित तौर पर बंदूक चलाने जैसे इशारे करते देखा गया है। इसमें 'किशोर न्याय (बच्चों की देखभाल और संरक्षण) अधिनियम, 2015' (Juvenile Justice Act, 2015) के तहत हस्तक्षेप की मांग की गई है, जिसमें माता-पिता की काउंसलिंग और मामले की जांच शामिल है।
शिकायत के अनुसार, 9 अक्टूबर को कनाडा के टोरंटो में साइंड टू गॉड वर्ल्ड टूर (Signed to God World Tour) के शुरुआती शो के दौरान बच्चे को मंच पर लाया गया था। वहां उसने कथित तौर पर पिस्तौल से गोली चलाने जैसे इशारे किए और बंदूक चलने की आवाज़ें निकालीं। शिकायत में सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे कुछ वीडियो का भी जिक्र है, जिनमें कथित तौर पर बच्चे के आस-पास मौजूद लोग उसे ऐसे इशारे करने के लिए उकसाते हुए दिख रहे हैं।
संगठन का तर्क है कि कम उम्र में बार-बार इस तरह के दृश्यों के संपर्क में आने से बच्चे के विकास पर असर पड़ सकता है, हिंसक व्यवहार सामान्य लग सकता है और उसकी सुरक्षा को लेकर चिंताएं पैदा हो सकती हैं। यह बात इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि उसके बड़े भाई, सिद्धू मूसेवाला की 29 मई 2022 को मानसा जिले के जवाहरके गांव के पास गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। शिकायत में यह स्पष्ट किया गया है कि संगठन को इस बात से कोई आपत्ति नहीं है कि बच्चा अपने दिवंगत भाई की याद में आयोजित कार्यक्रमों में शामिल हो या उनका हिस्सा बने।

संगठन की चिंता मुख्य रूप से इस बात को लेकर है कि बच्चे को गोलीबारी या अन्य हिंसक हरकतें करने के लिए सिखाया जा रहा है, प्रोत्साहित किया जा रहा है या इसकी अनुमति दी जा रही है।
मांगों में शामिल हैं: जिला बाल संरक्षण इकाई (District Child Protection Unit) या किसी योग्य बाल परामर्शदाता (child counsellor) के माध्यम से माता-पिता की काउंसलिंग कराना, बच्चे को ऐसी हरकतें करने से रोकने के निर्देश देना, और संबंधित अधिकारियों द्वारा इन निर्देशों के पालन की निगरानी करना।
शिकायतकर्ता ने जिला मजिस्ट्रेट से यह सुनिश्चित करने का भी अनुरोध किया है कि बाल कल्याण समिति (Child Welfare Committee) इस मामले को तुरंत अपने संज्ञान में ले और उचित कार्रवाई करे।
संगठन का कहना है कि उसका मुख्य उद्देश्य बच्चे के कल्याण और सुरक्षा की रक्षा करना है, न कि कोई दंडात्मक कार्रवाई करवाना या बच्चे की कस्टडी में कोई बदलाव लाना। संगठन ने मांग की है कि कानूनी प्रावधानों के अनुसार, सक्षम अधिकारी मामले की जांच करें और उचित कदम उठाएं। इस बीच, शिकायत में यह नहीं बताया गया है कि इन आरोपों को लेकर अधिकारियों ने कोई फैसला लिया है या कोई निष्कर्ष निकाला है।