Edited By Ramanjot,Updated: 07 Feb, 2026 11:16 PM

जनगणना 2027 की तैयारियों को तेज करते हुए राज्य सरकार ने मकान सूचीकरण (House Listing) की समय-सीमा आधिकारिक रूप से घोषित कर दी है।
नेशनल डेस्क: जनगणना 2027 की तैयारियों को तेज करते हुए राज्य सरकार ने मकान सूचीकरण (House Listing) की समय-सीमा आधिकारिक रूप से घोषित कर दी है। उपमुख्यमंत्री सह राजस्व एवं भूमि सुधार मंत्री विजय कुमार सिन्हा ने शनिवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि यह प्रक्रिया जनगणना अधिनियम, 1948 के तहत पूरी पारदर्शिता और समयबद्ध तरीके से कराई जाएगी। उन्होंने नागरिकों से अपील की कि वे इस राष्ट्रीय अभियान में पूरा सहयोग करें और सही जानकारी उपलब्ध कराएं, ताकि विकास योजनाओं की मजबूत आधारशिला रखी जा सके।
मकान सूचीकरण और ऑनलाइन स्व-गणना का पूरा शेड्यूल
- ऑनलाइन सेल्फ-एन्यूमरेशन (स्व-गणना)
- 17 अप्रैल 2026 से 1 मई 2026 तक
इस अवधि में इच्छुक नागरिक सरकारी पोर्टल पर खुद अपनी जानकारी दर्ज कर सकेंगे, जिससे घर-घर सर्वे की प्रक्रिया और अधिक सरल हो जाएगी।
- घर-घर मकान सूचीकरण सर्वे
- 2 मई 2026 से 31 मई 2026 तक
इस चरण में गणनाकर्मी प्रत्येक घर का दौरा कर आवास, भवन और सुविधाओं से जुड़ी जानकारी एकत्र करेंगे। यह जनगणना का पहला चरण होगा। इसके बाद 2027 में जनसंख्या गणना का दूसरा चरण पूरा किया जाएगा, जिसमें जाति गणना भी शामिल रहेगी।
क्यों जरूरी है जनगणना?
डिप्टी सीएम विजय कुमार सिन्हा ने कहा कि “जनगणना सिर्फ आबादी गिनने की प्रक्रिया नहीं है, बल्कि शिक्षा, स्वास्थ्य, आवास, रोजगार और आधारभूत संरचना जैसी योजनाओं की रीढ़ है।”
उन्होंने स्पष्ट किया कि दी गई सभी जानकारियां पूरी तरह गोपनीय रहेंगी। किसी भी नागरिक की निजी सूचना का दुरुपयोग नहीं होगा। सही आंकड़ों से योजनाओं का लाभ सही लोगों तक पहुंचेगा।
बजट में विकास पर खास जोर
प्रेस कॉन्फ्रेंस में सरकार के विकास रोडमैप की भी जानकारी दी गई
- स्वास्थ्य विभाग
- बजट 2026-27: ₹21,270.40 करोड़
अस्पतालों का आधुनिकीकरण, बेहतर इलाज और स्वास्थ्य सेवाओं का विस्तार
- ग्रामीण विकास विभाग
- बजट: ₹23,701.18 करोड़
सड़क, आवास, रोजगार और बुनियादी सुविधाओं पर फोकस
सिन्हा ने कहा कि मजबूत गांव ही सशक्त राज्य की नींव होते हैं। प्रधान सचिव सीके अनिल और सचिव जय सिंह ने बताया कि जनगणना प्रक्रिया को समय पर बिना त्रुटि और पूर्ण पारदर्शिता के साथ पूरा किया जाएगा, ताकि यह अभियान राष्ट्रीय स्तर पर उदाहरण बन सके।