असम रेप फेस्टिवल : झूठी खबर से मचा बवाल

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Saturday, November 09, 2013-5:28 PM

नई दिल्ली: अमेरिका की नंबर 1 इंडिपेंडेंट न्यूज टीम होने का दावा करने वाली वेबसाइट ‘नेशनल रिपोर्ट डॉट नेट’ पर छपी ' असम रेप फेस्टिवल' की खबर से बवाल मच गया हैं। असम के मुख्यमंत्री तरूण गोगोई ने इस स्टोरी को प्रकाशित करने वाली पोर्टल पर कड़ी प्रतिक्रिया जताई, जबकि राज्य सीआईडी ने राज्य को बदनाम करने वाले इस कथित व्यंग्यात्मक लेखन के लिए सूचना प्रौद्योगिकी कानून के तहत पोर्टल के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है।


गोगोई ने अपने ट्विटर पर लिखा कि असम रेप फेस्टिवल कोई परिहास नहीं है बल्कि यह अनैतिक, घृणित और कड़वाहट भरा है और समाज के सभी वर्गों को इसकी निंदा करनी चाहिए। इस बीच असम पुलिस की आपराधिक जांच विभाग की साइबर शाखा ने राज्य को बदनाम करने वाले इस कथित व्यंग्यात्मक लेखन के लिए वेबसाइट के खिलाफ मामला दर्ज किया है।

'द असम रेप फेस्टिवल इन इंडिया बिगिन्स दिस वीक' शीर्षक से यह स्टोरी सबसे पहले 3 नवंबर को नेशनल रिपोर्ट डॉट नेट पर प्रकाशित हुई। इस व्यंग्य में लिखा गया है कि भारत में 'असम रेप फेस्टिवल' इस सप्ताह से शुरू होने वाला है, लेकिन लोगों ने इसे अभी से मनाना शुरू कर दिया है। 7 से 16 वर्ष की कुंआरी लड़कियों के पास अभी भागने का मौका है, नहीं तो उनका रेप कर दिया जाएगा। स्टोरी में इस बात का कहीं भी जिक्र नहीं है कि यह फर्जी समाचार है।

इस खबर के छपने के बाद इसका जबरदस्त विरोध शुरू हो गया है। इस खबर को भारत के अपमान के तौर पर देखा जा रहा है। सोशल मीडिया पर भी इस खबर को लेकर लोगों की प्रतिक्रियाएं आ रही हैं। एक तरफ जहां कई फेसबुक यूजर इस खबर को व्यंग्य बता रहे हैं, वही अब तक इस खबर को फेसबुक पर 4 लाख से ज्यादा बार शेयर किया जा चुका है। 1 लाख 20 हजार से ज्यादा लाइक मिल चुके हैं और ट्विटर पर इसे 2500 से ज्यादा लोग शेयर कर चुके हैं।

खबर में नागा साधुओं की फोटो लगाई गई हैं, जिसमें वे हाथ में तलवार लिए दौड़ रहे हैं। तस्वीर के बारे में लिखा गया है कि यह फोटो पिछले साल आयोजित हुए असम रेप फेस्टिवल की है। इस झूठी खबर को सच मानने वाले लोगों ने इस पर तीखे कमेंट देकर भारत को जमकर कोसा है।

असम के अलावा भारत के अन्य राज्यों का भी नाम इस खबर में घसीटा गया है। इसमें लिखा गया है कि इस फेस्टिवल की शुरुआत 43 बीसी में हुई थी, जब 'बालकृष्‍ण तमिलनाडु' ने अपने गांव लुधियाना में हरेक का रेप किया था। इसलिए उन्हें इस फेस्टिवल में हर साल याद किया जाता है और सबसे ज्यादा रेप करने वाले व्यक्ति को 'बालकृष्‍ण' के नाम से ट्राफी दी जाती है। यह वेबसाइट पहले भी पंजाब को निशाना बनाकर इस तरह के लेख छाप चुकी है।


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