तिहाड़ जेल में लगेगी अपराधियों की ‘क्लास’

  • तिहाड़ जेल में लगेगी अपराधियों की ‘क्लास’
You Are HereNcr
Sunday, March 02, 2014-7:41 PM

नई दिल्ली: आपराधिक व्यवहार को शिक्षा के माध्यम से सुधारा जा सकता है। इस सिद्धांत की ओर पहल करते हुए राष्ट्रीय राजधानी स्थित एशिया के सबसे बड़े कारागार तिहाड़ जेल में कैदियों के लिए साक्षरता अभियान चलाया जा रहा है। तिहाड़ में 20 फीसदी कैदी निरक्षर हैं और 65 फीसदी दसवीं पास भी नहीं हैं। इस बात पर ध्यान देते हुए कि निरक्षरता या ‘साक्षरता की कमी अपराध की जननी हो सकती है’ जेल प्रशासन अपने कैदियों में जागरूकता बढ़ाने के लिए विभिन्न तरह के शैक्षिणिक कार्यक्रम चला रहा है। जेल प्रशासन अपने कैदियों को उनके आपराधिक पृष्ठभूमि को भुलाकर मानसिक आयाम का विस्तार करने में मदद कर रहा है।

तिहाड़ जेल के एक अधिकारी ने आईएएनएस को बताया, ‘‘प्राप्त आंकड़ों के अनुसार, कैदियों की ज्यादातर आबादी (लगभग 65 फीसदी) दसवीं पास भी नहीं है। इस बात को देखते हुए शिक्षा के स्तर और अपराधिक प्रवृत्ति के बीच के फर्क को मिटाने के लिए यह पहल की गई है।’’ जेल प्रशासन ने अपने कैदियों को शिक्षित करने के लिए नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ ओपेन स्कूलिंग (एनआईओएस) और इंदिरा गांधी नेशनल ओपेन यूनिवर्सिटी (आईजीएनओयू) के केंद्रों की स्थापना की है। अधिकारी ने बताया कि 13,552 कैदियों वाले जेल में 10 उपविभागों में युवा शिक्षा कक्षाएं आयोजित की जा रही हैं।

तिहाड़ के आंकड़ों के मुताबिक, जेल में भर्ती होने के दौरान 19 फीसदी पुरुष कैदी और 36 फीसदी महिला कैदी निरक्षर थे, जबकि 44 फीसदी पुरुष कैदी और 34 फीसदी महिला कैदी दसवीं पास से नीचे थे। यह भी देखा गया कि पांच फीसदी पुरुष कैदी और छह फीसदी महिला कैदी स्नातक तक पढ़े हैं और एक फीसदी पुरुष व तीन फीसदी महिला कैदी परास्नातक हैं। तिहाड़ की कारागार महानिदेशक विमला मेहरा ने कहा, ‘‘जेल प्रशासन ने 2013 में स्टेनोग्राफी कोर्स और विदेशी भाषा जैसे फ्रांसीसी, स्पैनिश और जर्मन सहित हिंदी और अंग्रेजी भाषाओं की कक्षाएं कैदियों के लिए शुरू की, ताकि कैदियों का आत्मविश्वास बढ़ाया जा सके।’’ उन्होंने बताया कि पर्यटन मंत्रालय के सहयोग से कैदियों को होटल प्रबंधन का भी प्रशिक्षण दिया जा रहा है और बेहतर रोजगार के मौके उपलब्ध कराने के लिए जेल में ही कैंपस प्लेसमेंट का प्रबंध भी कराया जा रहा है, ताकि सजा पूरी करने के बाद कैदी जेल से बाहर सम्मानपूर्वक जीवनयापन कर सकें।

विवाह प्रस्ताव की तलाश कर रहे हैं ? भारत मैट्रीमोनी में  निःशुल्क  रजिस्टर  करें !

Recommended For You