22 साल बाद भी बरकरार है 'लक्ष्य' का जादू, मेकर्स ने खास अंदाज में मनाया फिल्म का जश्न

Edited By Updated: 18 Jun, 2026 02:15 PM

lakshya completes 22 years excel entertainment celebrates the iconic film

फरहान अख्तर के निर्देशन में बनी 'लक्ष्य' सिर्फ एक फिल्म नहीं, बल्कि आत्म-खोज, जिम्मेदारी और जीवन के उद्देश्य को समझने की कहानी थी।

नई दिल्ली/टीम डिजिटल। हिंदी सिनेमा की प्रेरणादायक फिल्मों में शामिल 'लक्ष्य' ने अपनी रिलीज के 22 साल पूरे कर लिए हैं। रितेश सिधवानी और फरहान अख्तर की एक्सेल एंटरटेनमेंट के बैनर तले बनी इस फिल्म ने दर्शकों के दिलों में एक खास जगह बनाई थी। आज भी यह फिल्म अपनी दमदार कहानी और भावनात्मक जुड़ाव के लिए याद की जाती है।

'लक्ष्य' ने पूरे किए 22 साल
फरहान अख्तर के निर्देशन में बनी 'लक्ष्य' सिर्फ एक फिल्म नहीं, बल्कि आत्म-खोज, जिम्मेदारी और जीवन के उद्देश्य को समझने की कहानी थी। फिल्म ने युवाओं को अपने सपनों के प्रति समर्पित रहने और चुनौतियों का सामना करने की प्रेरणा दी, जिसके कारण यह समय के साथ एक कल्ट क्लासिक बन गई।

एक्सेल एंटरटेनमेंट ने शेयर की खास क्लिप
फिल्म की 22वीं वर्षगांठ के अवसर पर एक्सेल एंटरटेनमेंट ने सोशल मीडिया पर 'लक्ष्य' की एक यादगार झलक साझा की। इसके साथ पोस्ट में लिखा गया, “हर एक रुकावट उसे उसके लक्ष्य के और करीब लेकर आई। #22YearsOfLakshya।” इस पोस्ट को फैंस की ओर से भी खूब प्यार मिला।

 

 

 

 

 

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शानदार स्टारकास्ट ने जीता था दिल
फिल्म में ऋतिक रोशन और प्रीति जिंटा ने मुख्य भूमिकाएं निभाई थीं। इसके अलावा अमिताभ बच्चन, बोमन ईरानी, ओम पुरी और सुशांत सिंह जैसे दिग्गज कलाकारों ने भी अपनी दमदार अदाकारी से फिल्म को खास बना दिया था। सभी कलाकारों के प्रदर्शन को दर्शकों और समीक्षकों ने खूब सराहा था।

संघर्ष से सफलता तक की कहानी
'लक्ष्य' एक ऐसे युवा की कहानी को दिखाती है, जो शुरुआत में अपने जीवन को लेकर असमंजस में रहता है, लेकिन बाद में भारतीय सेना का एक साहसी अधिकारी बनकर उभरता है। वहीं, उसकी मंगेतर एक मजबूत और महत्वाकांक्षी पत्रकार के रूप में कारगिल युद्ध के दौरान मोर्चे से रिपोर्टिंग करती नजर आती है। फिल्म में देशभक्ति, रिश्तों और व्यक्तिगत विकास को बेहद प्रभावशाली ढंग से पेश किया गया था।

संगीत ने भी छोड़ी अमिट छाप
फिल्म का संगीत भी इसकी सबसे बड़ी ताकतों में से एक रहा। शंकर-एहसान-लॉय द्वारा तैयार किए गए गीत और जावेद अख्तर के लिखे बोल आज भी संगीत प्रेमियों की पसंद बने हुए हैं। फिल्म के कई गाने समय के साथ यादगार बन चुके हैं और आज भी उतने ही पसंद किए जाते हैं।

कल्ट क्लासिक का दर्जा हासिल कर चुकी है फिल्म
रिलीज के दो दशक से अधिक समय बाद भी 'लक्ष्य' की लोकप्रियता बरकरार है। इसकी प्रेरणादायक कहानी, बेहतरीन अभिनय और शानदार संगीत ने इसे हिंदी सिनेमा की उन फिल्मों में शामिल कर दिया है, जिन्हें बार-बार देखने का मन करता है। यही वजह है कि 22 साल बाद भी फिल्म का प्रभाव दर्शकों के बीच कायम है।

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