Edited By ,Updated: 28 Apr, 2026 04:07 AM

कुछ वर्ष पहले तक नशों की तस्करी तथा अन्य समाज विरोधी गतिविधियों में संलिप्तता पुरुषों तक ही सीमित थी परंतु अब पकड़े जाने के डर से पुरुषों ने अपने परिवार की महिलाओं के साथ अन्य जरूरतमंद महिलाओं को भी इसमें शामिल करना शुरू कर दिया है, क्योंकि आमतौर पर...
कुछ वर्ष पहले तक नशों की तस्करी तथा अन्य समाज विरोधी गतिविधियों में संलिप्तता पुरुषों तक ही सीमित थी परंतु अब पकड़े जाने के डर से पुरुषों ने अपने परिवार की महिलाओं के साथ अन्य जरूरतमंद महिलाओं को भी इसमें शामिल करना शुरू कर दिया है, क्योंकि आमतौर पर महिलाओं पर पुलिस शक नहीं करती। नशे के धंधे में महिलाओं की भागीदारी लगातार बढ़ रही है जिसकी पिछले 3 महीनों की चंद घटनाएं निम्न में दर्ज हैं :
* 29 जनवरी, 2026 को ‘साम्बा’ (जम्मू-कश्मीर) के ‘विजयपुर’ इलाके में पुलिस ने 127 ग्राम हैरोइन व 60,000 रुपए नकद के साथ ‘इकरा’ नामक एक महिला के अलावा ‘फरदीन’ तथा ‘उस्मान’ को गिरफ्तार किया।
* 31 जनवरी को ‘बाड़ी ब्राह्मïणा’ (जम्मू-कश्मीर) पुलिस ने ‘सरला देवी’ नामक महिला को 13.20 ग्राम हैरोइन के साथ गिरफ्तार किया।
* 12 फरवरी को ‘भोपाल’ (मध्य प्रदेश) में पुलिस ने 5 वर्षों से फरार एक महिला नशा तस्कर को गिरफ्तार करके उसके पास से 5.91 ग्राम नशीला पदार्थ एम.डी.एम.ए. बरामद किया।
* 15 फरवरी को ‘सिरमौर’ (हिमाचल प्रदेश) में ‘सिंघपुरा’ की पुलिस ने 835 ग्राम चरस के साथ 3 महिलाओं ‘शानु राय’, ‘बबीता’ व ‘आशिया परवीन’ (सभी निवासी जिला देहरादून, उत्तराखंड) को गिरफ्तार किया।
* 20 मार्च को ‘नरवाना’ (हरियाणा) पुलिस की सी.आई.ए. टीम ने नशा तस्कर गिरोह का पर्दाफाश कर ‘मुन्नी’ नामक महिला और उसके बेटे ‘समीर’ को 260 ग्राम हैरोइन व 4 किलो गांजा सहित काबू किया।
* 3 अप्रैल को ‘जगराओं’ (पंजाब) के थाना ‘सिधवां बेट’ की पुलिस ने एक महिला नशा तस्कर को 9 ग्राम हैरोइन के साथ गिरफ्तार किया। उस पर पहले भी नशा तस्करी का मामला दर्ज था।
* 5 अप्रैल को ‘फाजिल्का’ (पंजाब) के सदर थाने की पुलिस ने गांव ‘सलेम शाह’ में गश्त के दौरान ‘कृष्णा रानी’ नामक महिला को गिरफ्तार करके उसके पास से 12 ग्राम हैरोइन बरामद की।
* 11 अप्रैल को दिल्ली में नशा तस्करी करने वाले गिरोह से जुड़ी 3 महिला तस्करों दारो देवी, आरती व सुधा को 23 किलो गांजा, 252.15 ग्राम सोना, 28 ग्राम स्मैक और 2,90,230 रुपए नकद के साथ गिरफ्तार किया गया।
* 13 अप्रैल को ‘बरनाला’ (पंजाब) की ‘कपास मंडी’ में एक महिला को 48 बोतल अवैध देसी शराब के साथ गिरफ्तार किया गया।
* 14 अप्रैल को ‘शिमला’ (हिमाचल प्रदेश) की पुलिस ने ‘लक्ष्मी’ नामक महिला नशा तस्कर को गिरफ्तार करके उसके पास से 2.04 किलो अफीम बरामद की।
* 14 अप्रैल को ही ‘नई दिल्ली’ की पुलिस ने नशे के कारोबार से जुड़े अनेक मामलों में संलिप्त ‘हसीना खातून’ उर्फ ‘बाजी’ नामक महिला को गिरफ्तार किया। स्थानीय ड्रग्स नैटवर्क के साथ उसके संपर्क तोडऩे के लिए उसे ‘चेन्नई’ जेल में स्थानांतरित करने का फैसला किया गया।
* 17 अप्रैल को ही ‘लुधियाना’ (पंजाब) में एक महिला को आधा किलो गांजे के साथ गिरफ्तार किया गया।
* 23 अप्रैल को ‘जम्मू’ के ‘राजीव नगर’ में 2 नशा तस्कर महिलाओं ‘मोनिका’ और ‘भल्लो’ के 3 मकानों को ध्वस्त कर दिया गया।
* 23 अप्रैल को ही ‘गुडग़ांव’ (हरियाणा) में पुलिस ने नशे का करोबार करने वाली 2 महिलाओं ‘अनीता’ व ‘सुनीता’ द्वारा कब्जाई हुई झुग्गियों को ध्वस्त कर दिया। इन झुग्गियों में वे नशा बेचा करती थीं।
* और अब 25 अप्रैल को ‘गुवाहाटी’ (असम) के ‘अमीम गांव’ में पुलिस ने ‘चुराचांदपुर’ (मणिपुर) की 5 महिलाओं को 7 करोड़ रुपए की हैरोइन के साथ गिरफ्तार किया। यह नशा ‘लोअर असम’ में बेचा जाना था।
चूंकि महिलाओं का अवैध गतिविधियों में संलिप्त होना मुख्य रूप से आॢथक मजबूरियों का परिणाम है, अत: जहां इस बुराई को रोकने के लिए पुलिस को अधिक मुस्तैदी बरतनी होगी, वहीं जरूरतमंद महिलाओं के लिए रोजगार के आसान विकल्प पैदा करने की भी जरूरत है ताकि वे आय बढ़ाने की मजबूरी के चलते अवैध गतिविधियों में शामिल न हों। —विजय कुमार