लाल डोरा के विस्तार में ब्यूरोक्रेसी रोड़ा: शास्त्री

  • लाल डोरा के विस्तार में ब्यूरोक्रेसी रोड़ा: शास्त्री
You Are HereNcr
Tuesday, October 22, 2013-11:24 AM


नई दिल्ली, (अशोक शर्मा) : विधानसभा अध्यक्ष डॉ. योगानंद शास्त्री ने स्वीकार किया है कि लाल डोरा का दायरा बढ़ाने की राह में ब्यूरोक्रेसी अड़चन बनती रही है। उन्होंने इस बारे में हुई देरी की बात को स्वीकार करते हुए कहा है कि समय रहते समय सरकार को भी इसे गंभीरता से लेना चाहिए था।
 

खास बातचीत में दिल्ली विधानसभा के अध्यक्ष डॉ. योगानंद शास्त्री ने बताया कि बीते सालों के दौरान दिल्ली का काफी विकास हुआ है। उनसे पूछा गया कि इस दौरान घोटाले भी हुए हैं?  कामनवैल्थ गेम्स से पूर्व कनाट प्लेस का सौंदर्यीकरण करना था । वहां की सड़कों को बनाया जाना था, जो काम आज तक पूरा नहीं हुआ है। इसका जवाब देते हुए उन्होंने कहा कि पार्टी को उसी समय सख्य कदम उठाना चाहिए था ताकि घोटालों पुनर्रावृति न हो। मूलत: हरियाणा स्थित झज्जर गांव के रहने वाले तथा बचपन से ही आर्यसमाज से जुड़़े रहे डॉ. योगानंद शास्त्री के पिता महाशय प्रहलाद सिंह आर्य एक स्वतंत्रता सैनानी थे। जो बिना किसी विरोध में लगातार 18 साल तक गांव के सरपंच रहे थे। दिल्ली आकर कांग्रेस की राजनीति में शामिल होने से पूर्व डॉ. योगानंद शास्त्री कालकाजी स्थित शहीद भगत सिंह कालेज में पढ़ाते थे। दिल्ली विधानसभा के अध्यक्ष ने बताया कि यह दुख की बात है कि पहले चुनाव में अच्छे लोगों को ढूंडकर आगे लाया जाता था, लेकिन आज सूटकेस देखकर आगे ला रहे हैं। 

दिल्ली के दायरे में आने वाले गांवों की बढ़ती आबादी को देखते हुए ही दिल्ली सरकार ने लाल डोरा बढ़ाने की घोषणा की थी। उस घोषणा को अमलीजामा पहनाने के लिए अधिसूचना जारी की जानी थी, जो अभी तक जारी नहीं हो सकी है। इसमें दोराय नहीं कि लाल डोरे का दायरा बढ़ाने की मांग देहात की जनता काफी अर्से से कर रही है। उसे देखते हुए ही सरकार ने यह कदम उठाया था। मैं समझता हूं कि इसमें नौकरशाही आड़े आ रही है। इसके लिए सरकार को समय रहते कदम उठाना चाहिए था। लेकिन इस साल से बजट में अनधिकृत कालोनियों में विकास कार्यो को बढ़ाना देने के लिए बजट से अलग से प्रावधान किया जाएगा।
  

दिल्ली के बिजली के बढ़ते दामों पर बातचीत के दौरान उन्होंने बताया कि इसके बारे में मैंने तथा पार्टी के अनेक विधायकों ने कांग्रेस विधायक दल की बैठक में आवाज उठाई थी। वाकई जनता इससे परेशान है। इसके लिए सरकार को मंथन कर जनता को राहत देने की दिशा में कदम उठाना चाहिए।

आप पार्टी द्वारा विधानसभा चुनाव में कांग्रेस और भाजपा को दी जा रही टक्कर के बारे पूछने पर डॉ. योगानंद शास्त्री ने कहा ऐसा नहीं लगता है कि आप के प्रत्याशी कहीं जीतेंगे। यह जरूर है कि वह नुक्सान पहुंचा सकते हैं जिसकी वजह से कांग्रेस और भाजपा प्रत्याशी के बीच हार-जीत का अंतर कम हो सकता है। मुख्य रूप से चुनाव कांग्रेस और भाजपा के बीच ही होगा।



       

Edited by:Jeta

विवाह प्रस्ताव की तलाश कर रहे हैं ? भारत मैट्रीमोनी में  निःशुल्क  रजिस्टर  करें !

Recommended For You