दिल्ली की ओर सेना के कूच करने के विवाद ने फिर सिर उठाया

You Are HereNational
Friday, February 21, 2014-5:13 PM

नई दिल्ली:  जनरल वी के सिंह के सेना प्रमुख के रूप में दो साल के विवादों से भरे कार्यकाल से जुडे प्रकरण के फिर से सिर उठाने पर आज रक्षा मंत्री ए के एंटनी ने सफाई दी कि दिल्ली की ओर सेना की दो टुकडियों के कूच करने को सेना ने नियमित अभ्यास का हिस्सा बताया था। एंटनी ने सेना की मूवमेंट के बारे में हाल ही में अवकाश प्राप्त एक सैन्य अधिकारी के इंटरव्यू पर प्रतिक्रिया जाहिर करते हुए कहा..वह संसद में रिकार्ड पर कह चुके हैं कि सेना से इस बारे में रिपोर्ट मांगी गई थी जिसने सैन्य मूवमेंट को नियमित अभ्यास का हिस्सा करार दिया था।  

जनरल सिंह के कार्यकाल के दौरान सेना की दो टुकडियों के मथुरा और आगरा से दिल्ली की ओर कूच करने के बारे में तत्कालीन सैन्य संचालन महानिदेशक लेफ्टीनेंट जनरल ए के चौधरी ने एक इंटरव्यू में खुलासा किया है कि उन्हें वाकई 16 जनवरी 2012 को रक्षा सचिव शशिकांत शर्मा ने तलब किया था और उनसे सेना की टुकडियों के दिल्ली आने का सबब पूछा था। शर्मा अब भारत के नियंत्रण एवं महालेखा परीक्षक बन चुके हैं।  सेना की ये टुकडियां ऐसे समय दिल्ली भेजी जा रही थीं जब सेना प्रमुख की उम्र का विवाद अपने चरम पर था और वह सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटा रहे थे।

जनरल वी के सिंह ने टिवटर पर आज के इंटरव्यू पर तीखी प्रतिक्रिया जाहिर करते हुए रिपोर्ट देने वाले इंडियन एक्प्रेस के पत्रकार को (प्रेस्टीट्यूट) बताया और इस के संपादक शेखर गुप्ता को 'कूपता' कहा।

दूसरी ओर राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार शिवशंकर मेनन ने कहा कि सेना और सरकार के बीच कोई गलतफहमी कभी थी ही नहीं तो वह क्या प्रतिकिया जाहिर करें।  जनरल चौधरी हाल ही में बंगाल एरिया के कमांडर पद से सेवा निवृत हुए हैं। उन्होंने 15 और 16 जनवरी 2012 के दिनों के बारे में कहा..मुझे एक 15 जनवरी की रात साढे ग्यारह बजे दिल्ली एरिया को देख रहे एक सीनियर आफिसर ने फोन किया और पूछा कि सैनिकों की मूवमेंट के बारे में पूछा। उन्हें जरूरी किसी खुफिया अधिकारी से कुछ जानकारी मिली होगी। मैंने उनसे कहा कि मुझे पता नहीं है, मैं इसके बारे में जानकारी हासिल करता हूं, इसके बाद मैंने एक कोर के कमांडरको फोन मिलाया तो उन्होंने कहा कि पहले से तय एक अभ्यास किया जा रहा है।

अगले दिन सैन्य संचालन महानिदेशक को रक्षा सचिव ने तलब कर लिया, इसके बारे में जनरल चौधरी ने बताया..मुझे अगले दिन रक्षा सचिव के आफिस से फोन आया, मुझे रक्षा सचिव ने बुलाया था। मैंने पहले सेना प्रमुख को इसकी जानकारी दी और फिर मैं रक्षा सचिव से मिलने गया। उन्होंने कहा कि वह सत्ता के शीर्ष से मिलकर आए हैं और वे चिंतित हैं। उन्होंने पूछा..बताइये क्या हो रहा है। जनरल चौधरी ने कहा..मैंने उसने से कहा कि एक अभ्यास चल रहा है और मैं उन्हें पहले ही कह चुका हूं कि इसे रोक दिया जाए और कोई दूसरा लिया जाए।

उन्होंने मुझसे कहा कि इसे तत्काल रोका जाए और उन्हें वापस जाने का कहा जाए। मैंने उनसे कहा कि अभ्यास का एक तौर तरीका होता है और आखिरकार उन्हें वापस जाना ही है।  फिर रक्षा सचिव ने सैन्य संचालन महानिदेशक से आगरा से पैरा कमांडो की अुकडी के दिल्ली कूच के बारे में पूछा। इस बारे में जनरल चौधरी ने बताया कि रक्षा सचिव के साथ बैठक के बाद उन्होंने हिदायत दी कि आगे कोई मूवमेंट नहीं होनी चाहिए और उन्हें छोटे छोटे गुटो में लौटना चाहिए।


विवाह प्रस्ताव की तलाश कर रहे हैं ? भारत मैट्रीमोनी में  निःशुल्क  रजिस्टर  करें !

Recommended For You