हाई स्पीड रेल योजना को लेकर जापान-चीन में से कौन मारेगा बाजी?

Edited By ,Updated: 11 Nov, 2016 03:24 PM

japan fights china to get high speed trains plan

देश को हाई स्पीड ट्रेन का तोहफा देने की मोदी सरकार की योजना को लेकर जापान और चीन के बीच होड़ मची है।

नई दिल्लीः देश को हाई स्पीड ट्रेन का तोहफा देने की मोदी सरकार की योजना को लेकर जापान और चीन के बीच होड़ मची है। दोनों देश एशिया में अपने बढ़ते हुए प्रभाव और ताकत को दिखाने के लिए इसे बड़े अवसर के तौर पर देख रहे हैं।

शिंजो आबे से की मुलाकात 
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को टोक्यो में अपने जापानी समकक्ष शिंजो आबे से मुलाकात की। ठीक एक साल पहले मुंबई और अहमदाबाद को जोड़ने के लिए देश की पहली हाई स्पीड रेल लाइन के लिए जापान को पार्टनर को तौर पर चुना गया था। करीब 980 अरब रुपए लागत वाली यह लाइन मोटे तौर पर पैरिस से लंदन की दूरी के बराबर है। आबे को उम्मीद है कि अगर भारत अन्य पांच प्रस्तावित लाइनों पर काम को आगे बढ़ाता है तो जापान चीन पर बाजी मार लेगा।

मोदी उठाएंगे इस मौके का फायदा
टेंपल यूनिवर्सिटी के जापान कैंपस में डायरेक्टर ऑफ एशियन स्टडीज जेफ किंग्सटन ने बताया, 'चीन और जापान के बीच 'रेल युद्ध' इस क्षेत्र में अपना वर्चस्व स्थापित करने की होड़ है। एशिया में वर्चस्व उनके लिए अपने सामान बेचने और फायदा कमाने से ज्यादा अहमियत रखते हैं। उन्होंने बताया, 'मोदी इस मौके का फायदा दोनों देशों को आपस में भिड़ाने के लिए करेंगे। यह देखना होगा कि वह भारत के लिए क्या करते हैं लेकिन उनकी सरकार का झुकाव अमरीका और जापान की तरफ ज्यादा दिख रहा है।'

दोनों देशों के बीच कांटे की टक्कर
एशियाई की दो बड़ी इकॉनमी के बीच हाई स्पीड रेल के कॉन्ट्रैक्ट्स को लेकर कड़ी प्रतियोगिता है। पिछले साल चीन ने इंडोनेशिया में एक लाइन का कॉन्ट्रैक्ट हासिल करके जापान को पछाड़ दिया। सिंगापुर-कुआलालम्पुर के बीच प्रस्तावित एक लाइन को लेकर दोनों के बीच कड़ी प्रतिस्पर्धा है। थाइलैंड में एक लाइन बनाने का चीनी प्रस्ताव इस साल असफल हो गया जबकि वियतनाम में जापान के सहयोग वाली योजना को देश की नैशनल असेंबली ने खारिज कर दिया। ताइवान की जापान प्रायोजित लाइन को वित्तीय संकट से जूझना पड़ा और सरकार ने पिछले साल इसे बेल आउट दिया। रेलवे नैटवर्क निर्माण के मामले में चीन और जापान की क्षमता की बात करें तो दोनों देशों के अंदर कुछ खास बातें हैं। चीन के पास दुनिया का सबसे बड़ा हाई स्पीड रेल नेटवर्क है। जापान के मुकाबले चीन के साथ सौदा सस्ता पड़ेगा।


 

Related Story

Trending Topics

IPL
Chennai Super Kings

176/4

18.4

Royal Challengers Bangalore

173/6

20.0

Chennai Super Kings win by 6 wickets

RR 9.57
img title
img title

Be on the top of everything happening around the world.

Try Premium Service.

Subscribe Now!