Edited By Tanuja,Updated: 08 Oct, 2026 12:17 PM

अमेरिका के मिनेसोटा में एफबीआई ने 18 वर्षीय शेखदून अब्दुल्लाही मोहामुद को मॉल ऑफ अमेरिका में ISIS समर्थित सामूहिक गोलीबारी की कथित साजिश के आरोप में गिरफ्तार किया। जांच के मुताबिक वह 30 से 60 लोगों को मारना चाहता था और 24 अक्टूबर को हमला करने की...
Washington: अमेरिका के मिनेसोटा स्थित मशहूर मॉल ऑफ अमेरिका में बड़े पैमाने पर गोलीबारी की कथित साजिश का खुलासा हुआ है। अमेरिकी न्याय विभाग के मुताबिक, 18 वर्षीय शेखदून अब्दुल्लाही मोहामुद पर आरोप है कि वह ISIS के समर्थन में सामूहिक गोलीबारी करना चाहता था और उसने इस हमले के लिए हथियार हासिल करने की कोशिश की लेकिन FBI ने उसे हमला होने से पहले ही गिरफ्तार कर लिया। अमेरिकी न्याय विभाग के अनुसार, मोहामुद ने जुलाई 2026 में संदेशों के जरिए मॉल ऑफ अमेरिका में सामूहिक गोलीबारी करने की अपनी कथित इच्छा जाहिर की थी। शिकायत के मुताबिक, उसने 30 से 60 लोगों को मारने की बात कही थी। उसने मॉल को इसलिए निशाना बनाने की बात कही क्योंकि उसके अनुसार इसका मालिक यहूदी था। उसने गैर-मुसलमानों को निशाना बनाने की इच्छा भी जाहिर की थी।जांचकर्ताओं के मुताबिक, आरोपी ने 24 अक्टूबर को हमला करने की तारीख तय की थी। इसी दिन मॉल में ‘ह्मोंग आर्ट्स सेलिब्रेशन’ नाम का कार्यक्रम होना था, जिसमें बड़ी संख्या में लोग जुटने वाले थे।
अमेरिकी न्याय विभाग के अनुसार, दिसंबर 2024 से मोहामुद ने एक गोपनीय सूत्र के साथ विभिन्न संदेश मंचों पर सैकड़ों संदेशों का आदान-प्रदान किया था। इन बातचीत में उसने कथित तौर पर सोमालिया जाकर एक नामित विदेशी आतंकवादी संगठन के लिए लड़ने की इच्छा जताई थी। शिकायत के अनुसार, जब वह पैसों की कमी के कारण विदेश नहीं जा सका तो उसने अमेरिका में ही बड़े पैमाने पर हमला करने की योजना बनाने की बात कही। बाद में उसने आईएसआईएस में शामिल होने की इच्छा भी जताई। न्याय विभाग के मुताबिक, अगस्त और सितंबर के दौरान आरोपी लगातार हमले की योजना से जुड़े संदेश भेजता रहा। उसने कथित तौर पर अन्य लोगों को भी हमले में शामिल करने की कोशिश की। जांच के दौरान उसने आईएसआईएस के प्रति निष्ठा जताते हुए अपना वीडियो भी भेजा। अमेरिकी अधिकारियों के अनुसार, उसने ISISसे प्रेरित अमेरिका के कई बड़े हमलों की नकल करने की इच्छा भी जाहिर की थी।
FBI ने जाल बिछा कर पकड़ा
एफबीआई ने आरोपी को पकड़ने के लिए गोपनीय अभियान चलाया। 6 अक्टूबर को एक अंडरकवर एफबीआई कर्मचारी ने उसे एक एके-47 राइफल, चार 30-राउंड मैगजीन और करीब 200 गोलियां देने का सौदा किया। न्याय विभाग के मुताबिक, एफबीआई ने राइफल को पहले ही निष्क्रिय कर दिया था। आरोपी ने इसके लिए करीब 600 डॉलर नकद दिए और हथियार अपने कब्जे में लिया। सौदे के दौरान उसने कथित तौर पर फिर पुष्टि की कि वह हथियार का इस्तेमाल मॉल ऑफ अमेरिका में लोगों को गोली मारने के लिए करना चाहता है। इसके तुरंत बाद एफबीआई ने उसे गिरफ्तार कर लिया।
न्यू ऑरलियन्स हमले से भी प्रभावित
अमेरिकी अधिकारियों के अनुसार, मोहामुद ने 2025 के नए साल के दिन न्यू ऑरलियन्स में लोगों की भीड़ पर वाहन चढ़ाने वाले हमलावर के प्रति भी समर्थन जताया था। उस हमले में 14 लोगों की मौत हुई थी। न्याय विभाग ने कहा कि आरोपी ने ऑरलैंडो के पल्स नाइटक्लब हमले और ऑस्ट्रेलिया के बॉन्डी बीच गोलीबारी जैसे हमलों से भी प्रेरणा लेने की बात कही थी। मोहामुद पर संघीय स्तर पर आतंकवादी अपराध को अंजाम देने के उद्देश्य से हथियार और गोला-बारूद हासिल करने का आरोप लगाया गया है। एफबीआई ने उसे 6 अक्टूबर को गिरफ्तार किया और उसने 7 अक्टूबर को संघीय मजिस्ट्रेट न्यायाधीश के सामने पहली बार अदालत में पेशी दी।
अमेरिकी न्याय विभाग ने स्पष्ट किया है कि आपराधिक शिकायत में लगाए गए आरोप अभी सिर्फ आरोप हैं। बता दें कि मिनेसोटा का मॉल ऑफ अमेरिका अमेरिका के सबसे बड़े और प्रसिद्ध शॉपिंग केंद्रों में शामिल है। यहां सैकड़ों दुकानें, मनोरंजन सुविधाएं, एक थीम पार्क और एक्वेरियम मौजूद हैं। ऐसे स्थान पर बड़ी संख्या में लोगों की मौजूदगी के कारण किसी भी संभावित सामूहिक हमले की आशंका गंभीर सुरक्षा चुनौती मानी जाती है।