Edited By Sanjeev,Updated: 22 Sep, 2026 10:48 AM

ओडिशा सरकार ने बुधवार रात राज्य में गहरे दबाव के असर की आशंका के मद्देनजर महत्वपूर्ण स्थानों पर कर्मियों और जरूरी मशीनों की तैनाती की है। मुख्य सचिव अनु गर्ग ने सोमवार को वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक कर राज्य की तैयारियों की समीक्षा की। 11 जिलों के...
भुवनेश्वर : ओडिशा सरकार ने बुधवार रात राज्य में गहरे दबाव के असर की आशंका के मद्देनजर महत्वपूर्ण स्थानों पर कर्मियों और जरूरी मशीनों की तैनाती की है। मुख्य सचिव अनु गर्ग ने सोमवार को वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक कर राज्य की तैयारियों की समीक्षा की। 11 जिलों के जिलाधिकारियों ने वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से बैठक में हिस्सा लिया। गर्ग ने उन्हें जरूरत पड़ने पर लोगों को ठहराने के लिए चक्रवात और बाढ़ आश्रय स्थलों को तैयार रखने का निर्देश दिया। गंजाम के जिलाधिकारी वी. कीर्ति वासन ने संवाददाताओं से कहा, 'मैंने दिन में कई चक्रवात आश्रय स्थलों का दौरा किया और वहां की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। लोगों को मौसम की स्थिति के बारे में जागरूक किया जा रहा है।'
पुरी, खुर्दा, जगतसिंहपुर, बालासोर, भद्रक और केंद्रपाड़ा समेत तटीय जिलों के जिलाधिकारी सार्वजनिक उद्घोषणा प्रणाली के जरिए मछुआरों को 24 सितंबर तक समुद्र में नहीं जाने की सलाह दे रहे हैं। जो मछुआरे पहले से समुद्र में हैं, उन्हें वापस लौटने के लिए कहा गया है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार, बंगाल की खाड़ी के ऊपर बना सुस्पष्ट निम्न दबाव का क्षेत्र मजबूत होकर दबाव के क्षेत्र में बदल गया है। सोमवार शाम साढ़े पांच बजे यह प्रणाली पुरी से करीब 310 किलोमीटर दक्षिण-पूर्व में केंद्रित थी।
IMD ने कहा कि मौसम प्रणाली के अगले 24 घंटे के दौरान और मजबूत होकर गहरे दबाव में बदलने की प्रबल संभावना है और इसके बाद इसके 23 सितंबर की रात विशाखापत्तनम और गोपालपुर के बीच तट को पार करने की संभावना है। यह पूछे जाने पर कि क्या यह मौसम प्रणाली चक्रवाती तूफान में बदल सकती है, गर्ग ने कहा कि IMD ने इसके गहरे दबाव में बदलने का पूर्वानुमान जताया है, चक्रवात में बदलने का नहीं।
उन्होंने कहा, 'सरकार ने राज्य के तटीय और दक्षिणी क्षेत्रों में अत्यधिक भारी बारिश और तेज झोंकेदार हवाओं के असर से निपटने के लिए जरूरी कर्मचारियों और मशीनरी को तैनात कर दिया है। संक्षेप में कहें तो इस मौसम प्रणाली के कारण बारिश ज्यादा होगी और हवा अपेक्षाकृत कम चलेगी इसलिए राज्य इससे निपटने के लिए तैयार है।' IMD के भुवनेश्वर केंद्र की निदेशक मनोरमा मोहंती ने कहा कि राज्य के विभिन्न हिस्सों में बारिश शुरू हो गई है और इसके 25 सितंबर तक जारी रहने की संभावना है।
दक्षिणी ओडिशा के कुछ हिस्सों के लिए 23 से 25 सितंबर तक रेड अलर्ट जारी किया गया है। 23 और 24 सितंबर को कोरापुट, गजपति और गंजाम में भारी से बहुत भारी बारिश होने तथा कुछ स्थानों पर अत्यधिक भारी बारिश की संभावना है। कालाहांडी, नबरंगपुर, कोरापुट और मलकानगिरी के लिए भी 24 और 25 सितंबर को 'रेड अलर्ट' जारी किया गया है। आईएमडी ने कहा कि 23 सितंबर की सुबह से 24 सितंबर की शाम तक दक्षिणी ओडिशा और उत्तरी आंध्र प्रदेश के तटीय तथा आसपास के समुद्री क्षेत्रों में 55 से 65 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज झोंकेदार हवाएं चलने की संभावना है, जिनकी रफ्तार 75 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है।