Edited By Radhika,Updated: 29 May, 2026 04:59 PM

सुप्रीम कोर्ट ने दहेज प्रताड़ना पर कड़ा रुख अपनाते हुए एक कड़ा संदेश दिया है। कोर्ट ने एक मामले में सुनवाई के दौरान बेटियों के स्वाभिमान को ठेस पहुंचाने वाले ससुराल वालों पर बेहद सख्त टिप्पणी की। कोर्ट ने दोटूक शब्दों में कहा कि शादी के बाद लड़कों...
नेशनल डेस्क: सुप्रीम कोर्ट ने दहेज प्रताड़ना पर कड़ा रुख अपनाते हुए एक कड़ा संदेश दिया है। कोर्ट ने एक मामले में सुनवाई के दौरान बेटियों के स्वाभिमान को ठेस पहुंचाने वाले ससुराल वालों पर बेहद सख्त टिप्पणी की। कोर्ट ने दो टूक शब्दों में कहा कि शादी के बाद लड़कों या उनके परिजनों को किसी की बेटी और उसके मायके वालों का अपमान करने का कोई अधिकार नहीं है।
कोर्ट ने अपनाया तीखा रुख
अदालत ने तीखा रुख अपनाते हुए कहा, "यह बेहद शर्मनाक है कि आप जिन लोगों से पैसे ऐंठते हैं, बाद में उन्हीं को भिखारी कहकर उनका अपमान करते हैं।" जस्टिस बीवी नागरत्ना और जस्टिस उज्ज्वल भुइयां की खंडपीठ ने स्पष्ट किया कि अब समाज में यह कड़ा संदेश जाना बेहद जरूरी हो गया है कि दुल्हन या उसके माता-पिता की बेइज्जती को किसी भी कीमत पर सहन नहीं किया जाएगा। इस सख्त रुख के साथ सुप्रीम कोर्ट की पीठ ने आरोपी पति और उसके परिवार की राहत याचिका को सिरे से खारिज कर दिया और उन्हें तुरंत जेल भेजने का आदेश जारी किया।