‘बिना टिकट यात्रा तथा स्टेशनों पर गंदगी फैलाने वालों’ के विरुद्ध अभियान और तेज हो!

Edited By Updated: 07 Mar, 2026 03:19 AM

the campaign against those who litter at stations should be intensified

सस्ती और सुविधाजनक होने के कारण भारत में अधिकांश लोग रेलगाड़ी से यात्रा करना ही पसंद करते हैं।

सस्ती और सुविधाजनक होने के कारण भारत में अधिकांश लोग रेलगाड़ी से यात्रा करना ही पसंद करते हैं। भारतीय रेलवे की रेलगाडिय़ों में लोकल सीटों से लेकर पर्सनल ए.सी. कैबिन तक की सुविधाएं मिलती हैं और थोड़ी महंगी टिकट लेकर प्रीमियम सुविधाओं वाली रेलगाडिय़ों में यात्रा की जा सकती है।

दूसरी ओर जनरल डिब्बों में किराया कम लगता है, लेकिन इसके बावजूद अनेक लोग टिकट लेने की बजाय बिना टिकट यात्रा करते हैं। बिना टिकट यात्रियों की सर्वाधिक संख्या अक्सर उत्तर, मध्य और पश्चिम रेलवे की उपनगरीय और लम्बी दूरी की ट्रेनों में देखी जाती है। कुछ समय पूर्व रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने लोकसभा में बताया था कि वर्ष 2023-24 के दौरान लगभग 2.16 करोड़ यात्रियों को बिना टिकट यात्रा करते हुए पकड़ कर उनसे लगभग 562.40 करोड़ रुपए का जुर्माना वसूल किया गया था। इसी प्रकार रेलवे ने वित्त वर्ष 2024-25 के दौरान 5 लाख से अधिक टिकट चैकिंग अभियान चलाए जिनमें बिना टिकट यात्रा के 3.61 करोड़ से अधिक मामले सामने आए और दोषियों से 1781 करोड़ रुपए जुर्माना वसूल किया गया। 

इसी सिलसिले में पंजाब में फिरोजपुर मंडल के टिकट चैकिंग स्टाफ द्वारा रेलगाडिय़ों तथा रेलवे स्टेशनों पर नियमित जांच के चलते हर माह बड़ी संख्या में बिना टिकट यात्रा करने वाले और गंदगी फैलाने वाले यात्रियों को पकड़ कर उनसे जुर्माना वसूल किया जा रहा है। ‘फिरोजपुर मंडल’ में अक्तूबर, 2025 में बिना टिकट यात्रा करने वालों से 2.82 करोड़ रुपए जुर्माना वसूल किया गया जो पिछले वर्ष इसी महीने में वसूल किए गए जुर्माने से 39 प्रतिशत अधिक तथा मुख्यालय द्वारा निर्धारित लक्ष्य से 11 प्रतिशत अधिक था। इसके अलावा नवम्बर 2025 में 3.16 करोड़ रुपए, दिसम्बर 2025 में 2.56 करोड़ रुपए, जनवरी 2026 में 2.52 करोड़ रुपए और फरवरी, 2026 में 2.51 करोड़ रुपए जुर्माना वसूल किया गया जो पिछले वर्ष इसी महीने वसूल किए गए 1.94 करोड़ रुपयों की तुलना में 29 प्रतिशत अधिक है। इसके साथ ही रेलवे स्टेशन परिसरों में गंदगी फैलाने वालों के विरुद्ध भी ‘एंटी-लिटरिंग एक्ट’ के अंतर्गत कार्रवाई की जा रही है।

‘एंटी-लिटरिंग एक्ट’ के अंतर्गत रेलवे स्टेशनों पर गंदगी फैलाने वालों से अक्तूबर, 2025 में 80,000 रुपए, नवम्बर, 2025 में 64,000 रुपए, दिसम्बर, 2025 में 65,000 रुपए, जनवरी, 2026 मेें 72,000 रुपए और फरवरी, 2026 में 57,000 रुपए जुर्माना वसूल किया गया।
अधिकारियों का कहना है कि बिना टिकट यात्रा पर रोक लगाने, यात्रियों में नियमों के प्रति जागरूकता बढ़ाने और स्टेशन परिसर को स्वच्छ बनाए रखने के उद्देश्य से यह अभियान लगातार जारी रहेगा। गंदगी फैलाने वालों को साफ-सफाई के प्रति जागरूक भी किया जा रहा है ताकि वे भविष्य में इस सम्बन्ध में विशेष ध्यान रखें। 

यह तो सिर्फ रेलवे के एक मंडल में बिना टिकट यात्रियों तथा गंदगी फैलाने वाले यात्रियों के विरुद्ध चलाए गए अभियान से अर्जित राशि है जबकि रेलवे में इसके अलावा 69 मंडल और हैं। अत: सभी रेल मंडलों में बिना टिकट यात्रा करने वाले और गंदगी फैलाने वाले यात्रियों से सख्ती से जुर्माना वसूल करके इस राशि का उपयोग रेलवे स्टेशनों पर बुनियादी सुविधाएं बढ़ाने के लिए किया जाना चाहिए।  यदि यह राशि रेलवे स्टेशनों की साफ-सफाई, बैठने की व्यवस्था, वेटिंग  एरिया, पीने के पानी और अन्य यात्री सुविधाओं पर खर्च की जाए तो यात्रियों को काफी लाभ मिल सकता है। इसीलिए रेलों में बिना टिकट यात्रा करने व गंदगी फैलाने वालों के विरुद्ध अभियान और तेज करने की तुरंत जरूरत है। सफाई बढऩे से यात्रियों को भी रेलवे स्टेशनों पर जाना अधिक अच्छा लगेगा। —विजय कुमार 

Related Story

    img title
    img title

    Be on the top of everything happening around the world.

    Try Premium Service.

    Subscribe Now!