Edited By Parveen Kumar,Updated: 28 Sep, 2026 08:42 PM

सस्टेनेबल टूरिज़्म (पर्यटन), सांस्कृतिक जागरूकता और टूरिज़्म के भविष्य को आकार देने में जनभागीदारी को बढ़ावा देने के लिए चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी के यूनिवर्सिटी इंस्टीट्यूट ऑफ टूरिज्म एंड हॉस्पिटैलिटी मैनेजमेंट के छात्रों ने ‘वर्ल्ड टूरिज्म डे 2026’ के...
चंडीगढ़ : सस्टेनेबल टूरिज़्म (पर्यटन), सांस्कृतिक जागरूकता और टूरिज़्म के भविष्य को आकार देने में जनभागीदारी को बढ़ावा देने के लिए चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी के यूनिवर्सिटी इंस्टीट्यूट ऑफ टूरिज्म एंड हॉस्पिटैलिटी मैनेजमेंट के छात्रों ने ‘वर्ल्ड टूरिज्म डे 2026’ के अवसर पर चंडीगढ़ के सेक्टर-17 प्लाजा में सस्टेनेबिलिटी वॉकाथॉन, सांस्कृतिक फ्लैशमोब और ‘'स्टेज फ़ॉर चेंज: रिस्पॉन्सिबल टूरिज़्म’ नामक नाटक का आयोजन किया।
‘वर्ल्ड टूरिज्म डे 2026’ की आधिकारिक थीम 'डिजिटल एजेंडा और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस टू रीडिज़ाइन टूरिज़्म' (पर्यटन को नया रूप देने के लिए डिजिटल एजेंडा और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) पर आधारित कार्यक्रम में भविष्य को आकार देने में टेक्नोलॉजी और इनोवेशन की भूमिका पर ज़ोर दिया गया।
स्टेज फ़ॉर चेंज: रिस्पॉन्सिबल टूरिज़्म' नाटक के ज़रिए छात्रों ने सांस्कृतिक जागरूकता, सस्टेनेबिलिटी और सामाजिक ज़िम्मेदारी का संदेश दिया। नाटक में विभिन्न राज्यों का प्रतिनिधित्व करने वाले 25 छात्रों ने भारत की विविध सांस्कृतिक विरासत को प्रस्तुत किया। इस अवसर पर ग्लोबल ट्रैवल कंपनी एतरवेलक (Atravelq) के फाउंडर प्रशांत दरोच तथा स्किल डेवलपमेंट फैसिलिटेटर और फ़ूड कंसल्टेंट शेफ हर्षबीर सिंह उपस्थित रहे। कार्यक्रम पर्यटन में टेक्नोलॉजी की तरक्की के साथ सस्टेनेबिलिटी, सुलभता और ज़िम्मेदार पर्यटन की आवश्यकता पर भी ज़ोर दिया गया।

सस्टेनेबिलिटी वॉकथॉन में छात्रों और फैकल्टी सदस्यों ने सेक्टर-17 प्लाज़ा में भाग लेकर ज़िम्मेदार और सस्टेनेबल टूरिज़्म के प्रति जनजागरूकता फैलाई। सस्टेनेबल टूरिज़्म के संदेश वाले प्लेकार्ड्स के साथ, लोगों ने ज़िम्मेदार यात्रा व्यवहार और पर्यटन स्थलों व उनके सांस्कृतिक और पर्यावरण से जुड़े संसाधनों की सुरक्षा में पर्यटकों और स्थानीय लोगों की भूमिका के प्रति जागरूक किया।।
आयोजन में सांस्कृतिक रंगभरते हुए छात्रों ने टूरिज़्म, संस्कृति, एकता और सस्टेनेबिलिटी पर आधारित एक फ़्लैशमॉब भी प्रस्तुत किया। संगीत, डांस और सांस्कृतिक अभिव्यक्ति के ज़रिए इस परफ़ॉर्मेंस ने लोगों को आकर्षित करते हुए सस्टेनेबल व ज़िम्मेदार टूरिज़्म और सांस्कृतिक जागरूकता जागरूकता का संदेश दिया।
27 सितंबर को विश्व पर्यटन दिवस (वर्ल्ड टूरिज्म डे) के मुख्य समारोह के तीन दिन पहले से चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी ने पर्यटन, संस्कृति और सस्टेनेबिलिटी से सम्बंधित छात्रों केंद्रित कई गतिविधियां आयोजित कीं। इनमें 'इको ट्रैवल स्टोरीज़' (रील-मेकिंग प्रतियोगिता), 'टेल्स ऑफ़ द सॉइल' (डेस्टिनेशन स्टोरीटेलिंग गतिविधि), 'पिक्सेल कैनवस' (डिजिटल पोस्टर-मेकिंग प्रतियोगिता) और 'कल्चरल रनवे' (सांस्कृतिक विविधता, पारंपरिक पहनावे और पर्यटन विरासत की प्रस्तुति) शामिल थीं। इसके अलावा मुख्य विश्व पर्यटन दिवस समारोह से पहले छात्रों को पर्यटन से जुड़े विषयों और जानकारी से जोड़ने के लिए 'डेस्टिनेशन टुमॉरो' टूरिज्म क्विज़ का शुरुआती राउंड भी आयोजित किया गया।
मुख्य कार्यक्रम से पहले, 'वॉयज-एड' (Voyage-Ed) के को-फ़ाउंडर साहित्य नारायण सिंह और विशाल शर्मा के साथ एक एंटरप्रेन्योरशिप एक्सपर्ट टॉक भी आयोजित की गई। सेशन में छात्रों को टूरिज़्म एंटरप्रेन्योरशिप, इंडस्ट्री के तौर-तरीकों और ट्रैवल सेक्टर में उभरते करियर अवसरों की जानकारी दी गई। सेशन से छात्रों को क्लासरूम शिक्षा को इंडस्ट्री के प्रैक्टिकल अनुभव से जोड़ने में मदद मिली।
टूरिज़्म इंडस्ट्री से जुड़ाव के लिए चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी को ग्लोबल PATA अवॉर्ड
वर्ल्ड टूरिज़्म डे समारोह ऐसे समय में आयोजित किया जा रहा है जब यूआईटीएचएम के छात्रों को टूरिज़्म इंडस्ट्री के साथ अपने जुड़ाव के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी पहचान पहचान मिली है। पाटा (पैसिफिक एशिया ट्रैवल एसोसिएशन) इंडिया चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी स्टूडेंट चैप्टर को 2026 पाटा चैप्टर और स्टूडेंट चैप्टर अवॉर्ड्स में 'आउटस्टैंडिंग इंडस्ट्री एंगेजमेंट अवॉर्ड' से सम्मानित किया गया है। यह अवॉर्ड स्टूडेंट्स को टूरिज़्म इंडस्ट्री से जोड़ने और प्रैक्टिकल, इंडस्ट्री-ओरिएंटेड लर्निंग के मौके देने के प्रयासों के लिए दिया जाता है।
इस अवॉर्ड ने जुलाई 2025 और जून 2026 के बीच पाटा इंडिया चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी स्टूडेंट चैप्टर द्वारा की गई कई तरह की पहलों को मान्यता दी। इनमें टूरिज़्म एंटरप्रेन्योरशिप पर 'ट्रैवलप्रेन्योर टॉक्स', 'टूर डी स्टेप्स एंड बीट्स वॉकथॉन', एयरपोर्ट और रेलवे स्टेशन का दौरा, एक्सपीरियंसियल टूरिज़्म और हेरिटेज स्टोरीटेलिंग पर सर्टिफिकेट कोर्स, बारोग स्टेशन का शैक्षणिक दौरा, 'नेट-पॉज़िटिव टूरिज़्म और इनोवेशन फॉर सस्टेनेबिलिटी' पर तीसरी इंटरनेशनल कॉन्फ्रेंस में भागीदारी और रेवालसर झील पर ज़िम्मेदार पर्यटन और स्वच्छता अभियान शामिल हैं।

इन सभी गतिविधियों में छात्रों को इंडस्ट्री के साथ बातचीत, टूरिज़्म एंटरप्रेन्योरशिप, एक्सपीरियंसियल और हेरिटेज लर्निंग, सस्टेनेबिलिटी, कम्युनिटी एंगेजमेंट, इंटरनेशनल एक्सपोज़र और इवेंट मैनेजमेंट जैसे पर्यटन क्षेत्र के विभिन्न पहलुओं से व्यावहारिक रूप से जुड़ने का अवसर मिला।
चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी के सीनियर मैनेजिंग डायरेक्टर, दीप इंदर सिंह संधू ने कहा, "आउटस्टैंडिंग इंडस्ट्री एंगेजमेंट अवॉर्ड साफ तौर पर दिखाता है कि टूरिज्म एजुकेशन को इंडस्ट्री और कम्युनिटी से जोड़ने के चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी के व्यावहारिक दृष्टिकोण की प्रभावशीलता को दर्शाता है। हमारे छात्र सिर्फ़ क्लासरूम तक ही सीमित न रहकर इंडस्ट्री से जुड़ने, एंटरप्रेन्योरशिप की पहल, सस्टेनेबिलिटी कैंपेन, हेरिटेज से जुड़ी गतिविधियों और प्रोफेशनल इवेंट्स में भी भाग ले रहे हैं। ऐसे अनुभव उन्हें टूरिज्म सेक्टर की वास्तविकताओं को समझने और इसके भविष्य में योगदान देने के लिए ज़रूरी स्किल्स विकसित करने में मदद करते हैं, खासकर तब जब डिजिटल टेक्नोलॉजी और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस इस इंडस्ट्री को लगातार बदल रहे हैं।"
यह सम्मान चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी पाटा स्टूडेंट चैप्टर को पिछले अवॉर्ड 'पाटा बेस्ट सस्टेनेबिलिटी इनिशिएटिव अवॉर्ड' के बाद मिला है। पिछला अवॉर्ड पिछले साल सस्टेनेबिलिटी, सामाजिक ज़िम्मेदारी, पर्यावरण के प्रति जागरूकता और ज़िम्मेदार टूरिज्म के क्षेत्र में किए गए कामों तथा टूरिज्म से जुड़ी गतिविधियों में सस्टेनेबिलिटी और कम्युनिटी एंगेजमेंट को शामिल करने की दिशा में छात्रों की कोशिशों मान्यता देता है।