Edited By Pardeep,Updated: 02 Aug, 2026 06:04 AM

पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (पीओके) के गिलगित-बाल्टिस्तान में स्थित दुनिया की 12वीं सबसे ऊंची चोटी 'ब्रॉड पीक' पर एक दर्दनाक हादसा हुआ है। यहां आए भीषण हिमस्खलन में मशहूर नेपाली-ब्रिटिश पर्वतारोही निर्मल 'निम्स' पुर्जा समेत 10 पर्वतारोहियों की...
इस्लामाबाद/काठमांडू: पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (पीओके) के गिलगित-बाल्टिस्तान में स्थित दुनिया की 12वीं सबसे ऊंची चोटी 'ब्रॉड पीक' पर एक दर्दनाक हादसा हुआ है। यहां आए भीषण हिमस्खलन में मशहूर नेपाली-ब्रिटिश पर्वतारोही निर्मल 'निम्स' पुर्जा समेत 10 पर्वतारोहियों की मौत हो गई है। पुर्जा की अभियान कंपनी 'एलीट एक्सपेड' ने शनिवार को इस त्रासदी की पुष्टि करते हुए बताया कि अभियान का कोई भी सदस्य जीवित नहीं बचा है।
7,000 मीटर की ऊंचाई पर हुआ हादसा
जानकारी के अनुसार, यह हादसा बृहस्पतिवार को उस समय हुआ जब पर्वतारोहियों का दल लगभग 7,000 मीटर की ऊंचाई पर था। हिमस्खलन की चपेट में आने वाले 10 पर्वतारोहियों में पांच नेपाली और पाकिस्तान, ओमान, अमेरिका तथा चीन का एक-एक नागरिक शामिल था। पाकिस्तान के अल्पाइन क्लब (एसीपी) के मुताबिक, शुक्रवार को 10 में से चार शव बरामद किए गए थे, जिनकी पहचान ओमान की नधीरा अहमद अब्दुल्ला अल हरथी, नेपाल के पुर बहादुर गुरूंग और अमेरिका की मैलोरी गीस के रूप में हुई है।
पर्वतारोहण जगत का चमकता सितारा बुझा
43 वर्षीय निर्मल पुर्जा पर्वतारोहण की दुनिया में एक बड़ा नाम थे। उन्होंने साल 2019 में दुनिया की 8,000 मीटर से अधिक ऊंचाई वाली सभी 14 चोटियों को मात्र 6 महीने और 6 दिन में फतह कर एक नया विश्व रिकॉर्ड बनाया था। ब्रॉड पीक पर यह उनका अंतिम मिशन था, जिसे पूरा करने के बाद वह दुनिया की सभी 14 सबसे ऊंची चोटियों पर दो बार चढ़ने वाले पहले व्यक्ति बन जाते। पर्वतारोहण से पहले पुर्जा ने ब्रिटिश सेना की गोरखा राइफल्स और स्पेशल फोर्सेज में 16 साल तक अपनी सेवाएं दी थीं। उन्हें 2018 में 'मेंबर ऑफ द ऑर्डर ऑफ द ब्रिटिश एम्पायर' (MBE) से भी सम्मानित किया गया था।
रेस्क्यू ऑपरेशन जारी, पीएम ने जताया दुख
नेपाल के प्रधानमंत्री बालेंद्र शाह और पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ के सलाहकार राणा सनाउल्लाह ने इस घटना पर गहरा दुख व्यक्त किया है। पाकिस्तान सरकार ने कहा है कि खराब मौसम और कठिन परिस्थितियों के बावजूद बाकी शवों को खोजने के लिए बचाव अभियान जारी है। इस अभियान में पाकिस्तान सेना के हेलीकॉप्टरों और प्रसिद्ध पर्वतारोही सरबाज खान के नेतृत्व वाले नागरिक बचाव दल की मदद ली जा रही है।