SC ने ‘ब्लू व्हेल’ गेम पर सरकार से मांगा जवाब

  • SC ने ‘ब्लू व्हेल’ गेम पर सरकार से मांगा जवाब
You Are HereNational
Friday, October 13, 2017-2:08 PM

नई दिल्ली: उच्चतम न्यायालय ने ‘ब्लू व्हेल’ जैसे खतरनाक गेम रोकने के लिये दायर याचिका पर आज सरकार से जवाब मांगा। इस खेल की वजह से कई व्यक्तियों ने कथित रूप से आत्महत्या कर ली है। प्रधान न्यायाधीश दीपक मिश्रा, न्यायमूर्ति ए एम खानविलकर और न्यायमूर्ति धनन्जय वाई चन्द्रचूड की तीन सदस्यीय खंडपीठ ने सरकार से कहा कि ऐसे खेल के बारे में ‘फायरवाल’ का सृजन किया जायें। फायरवाल एक ऐसी प्रणाली है जो किसी प्रायवेट नेटवर्क द्वारा नियंत्रित आने और जाने वाली सामग्री को रोकती है। पीठ ने सभी उच्च न्यायालयों को ऐसी याचिकाओं पर विचार करने से भी रोक दिया है। 

SC ने फेसबुक, गूगल और याहू से जवाब मांगा
शीर्ष अदालत पहले ही तमिलनाडु के 73 वर्षीय व्यक्ति की याचिका पर सुनवाई कर रही है। इस याचिका में ‘ब्लू व्हेल चैलेन्ज’ गेम पर प्रतिबंध लगाने का अनुरोध किया गया है जिसे दुनिया भर में कई बच्चों की कथित मौत से जोड़ा जा रहा है। दिल्ली उच्च न्यायालय ने 22 अगस्त को ऐसी ही एक याचिका पर फेसबुक, गूगल और याहू से जवाब मांगा था। इस याचिका में ‘ब्लू व्हेल चैलेन्ज’ के लिंक हटाने का निर्देश देने का अनुरोध किया गया है। मद्रास उच्च न्यायालय ने चार सितंबर को इस गेम पर गंभीर रूख अपनाते हुये केन्द्र और तमिलनाडु सरकार को इस पर प्रतिबंध लगाने की संभावनाएं तलाशने का निर्देश दिया था। 

 दिल्ली उच्च न्यायालय ने बाद में 19 सितंबर को निर्देश दिया था कि इस गेम पर प्रतिबंध लगाने के बारे में मद्रास उच्च न्यायालय के निर्देशों पर उठाये गये कदमों पर अमल के बारे में जानकारी पेश की जाये। ‘ब्लू व्हेल चैलेन्ज’ आत्महत्या कराने वाला खेल है जिसमें हिस्सा लेने वाले खिलाड़ी को 50 दिन की अवधि में चुनिन्दा चुनौतियां पूरी करनी होती हैं और इसमें अंतिम काम आत्महत्या करने का होता है। ये खेल खेलने वालों से कहा जाता है कि प्रत्येक चुनौती पूरी करने के बाद वह इसकी तस्वीरें सांझा करें। 

विवाह प्रस्ताव की तलाश कर रहे हैं ? भारत मैट्रीमोनी में  निःशुल्क  रजिस्टर  करें !

Recommended For You