Edited By Anu Malhotra,Updated: 15 Jun, 2026 11:23 AM

AN-32 Crash: असम के जोरहाट स्थित वायुसेना स्टेशन पर भारतीय वायुसेना के AN-32 परिवहन विमान के दुर्घटनाग्रस्त होने की घटना ने पूरे देश को झकझोर दिया है। हादसे में विमान में सवार पांच वायुसेना कर्मियों की जान चली गई। घटना का वीडियो सामने आने के बाद...
AN-32 Crash: असम के जोरहाट स्थित वायुसेना स्टेशन पर भारतीय वायुसेना के AN-32 परिवहन विमान के दुर्घटनाग्रस्त होने की घटना ने पूरे देश को झकझोर दिया है। हादसे में विमान में सवार पांच वायुसेना कर्मियों की जान चली गई। घटना का वीडियो सामने आने के बाद दुर्घटना को लेकर कई सवाल उठने लगे हैं। जानकारी के अनुसार, विमान ने रनवे पर सामान्य तरीके से लैंडिंग की थी। शुरुआती कुछ सेकंड तक सब कुछ सामान्य दिखाई दे रहा था, लेकिन अचानक विमान रनवे से बाईं ओर खिसकने लगा और कच्चे हिस्से की तरफ चला गया।
वीडियो फुटेज में देखा जा सकता है कि विमान रनवे छोड़कर घास वाले क्षेत्र में पहुंच गया। इसी दौरान वह वहां मौजूद किसी संरचना या उपकरण से टकरा गया। इसके बाद असमतल जमीन पर विमान का अगला हिस्सा झुक गया और कुछ ही पलों में उसमें भीषण आग लग गई।
हादसे के तुरंत बाद एयरबेस पर मौजूद फायर ब्रिगेड की गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और आग बुझाने का प्रयास शुरू किया गया। हालांकि आग इतनी तेजी से फैली कि विमान में मौजूद कर्मियों को बचाया नहीं जा सका। भारतीय वायुसेना ने हादसे पर गहरा शोक व्यक्त किया है।
इस दुर्घटना में स्क्वाड्रन लीडर प्रशांत सिंह, फ्लाइट लेफ्टिनेंट शुभम कुमार, सार्जेंट जितेंद्र शर्मा, अग्निवीरवायु खेमाराम कुमावत और अग्निवीरवायु दानिश आलम ने ड्यूटी के दौरान अपने प्राण गंवा दिए। वायुसेना ने सभी दिवंगत जवानों को श्रद्धांजलि देते हुए उनके परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की है।
घटना की वास्तविक वजह जानने के लिए वायुसेना ने कोर्ट ऑफ इंक्वायरी के आदेश जारी कर दिए हैं। जांच टीम विमान के रनवे से बाहर जाने, तकनीकी खराबी और अन्य संभावित कारणों की पड़ताल करेगी।