Edited By Radhika,Updated: 07 Jul, 2026 04:36 PM

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को इंडोनेशिया का सर्वोच्च सम्मान 'बिन्तांग आदिपूर्ण ऑफ द रिपब्लिक ऑफ इंडोनेशिया' से सम्मानित किए जाने के बाद मंगलवार को कांग्रेस ने तंज कसते हुए कहा कि भारत के प्रथम प्रधानमंत्री पंडित जवाहरलाल नेहरू को यह सम्मान 1995 में...
नेशनल डेस्क: प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को इंडोनेशिया का सर्वोच्च सम्मान 'बिन्तांग आदिपूर्ण ऑफ द रिपब्लिक ऑफ इंडोनेशिया' से सम्मानित किए जाने के बाद मंगलवार को कांग्रेस ने तंज कसते हुए कहा कि भारत के प्रथम प्रधानमंत्री पंडित जवाहरलाल नेहरू को यह सम्मान 1995 में मरणोपरांत मिला था और इसके लिए कोई जुगाड़ भी नहीं करना पड़ा था।
<
>
प्रधानमंत्री मोदी को भारत और इंडोनेशिया के बीच संबंधों को मजबूत करने में उनकी भूमिका के लिए मंगलवार को इंडोनेशिया का सर्वोच्च सम्मान 'बिन्तांग आदिपूर्ण ऑफ द रिपब्लिक ऑफ इंडोनेशिया' प्रदान किया गया। इंडोनेशिया के राष्ट्रपति प्रबोवो सुबियांतो ने मोदी को यह पदक प्रदान किया। कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने 'एक्स' पर उस पोस्ट को रिपोस्ट किया जिसमें कहा गया है कि मोदी, नेहरू के बाद इस सम्मान को पाने वाले दूसरे भारतीय नेता हैं।
रमेश ने कटाक्ष करते हुए कहा, ''और नेहरू को यह सम्मान मरणोपरांत मिला था, उसके लिए कोई जुगाड़ नहीं करनी पड़ी।''
रमेश ने इंडोनेशिया के राष्ट्रपति के संबोधन में नेहरू का जिक्र होने का हवाला देते हुए भी प्रधानमंत्री मोदी पर 1960 के दशक की फिल्म 'मेरा साया' के एक गाने का उल्लेख करते हुए कटाक्ष किया। उन्होंने कहा, ''तू जहां जहां चलेगा मेरा साया साथ होगा...।'' वर्ष 1959 में स्थापित 'बिन्तांग आदिपूर्णा ऑफ द रिपब्लिक ऑफ इंडोनेशिया' इंडोनेशिया गणराज्य का सर्वोच्च नागरिक सम्मान है। यह सम्मान उन व्यक्तियों को प्रदान किया जाता है जिन्होंने इंडोनेशिया गणराज्य की एकता, निरंतरता और समृद्धि के लिए असाधारण सेवाएं प्रदान की हों।