किसी भी मुसीबत से बचने के लिए इस प्रकार करें कार्य

  • किसी भी मुसीबत से बचने के लिए इस प्रकार करें कार्य
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Monday, October 31, 2016-4:51 PM

एक बार जंगल में कुछ शिकारियों ने प्रवेश किया। शिकारियों को यह खबर थी कि जंगल में शेर और उसका परिवार रहता है जिनको मार कर उनकी खाल से खूब माल कमाया जा सकता है। जंगल में शिकारियों के प्रवेश की सूचना गुप्तचर सियार ने राजा शेर को दी। शिकारी दल के प्रवेश की खबर सुन कर महामंत्री भालू ने राजा शेर को परिवार सहित कुछ दिनों के लिए पहाड़ की चोटी पर बनी गुफा में जाने की सलाह दी और कहा कि उन शिकारियों के झुंड से हम सब निपट लेंगे। अपने महामंत्री के मुख से ऐसी बातें सुनकर शेर ने असहमति में सिर हिलाते हुए कह दिया कि शिकारियों के झुंड से वह खुद निपटेगा।

 

शेर को आगे बढ़ता देख कर पूरे मंत्रिमंडल और जंगलवासियों में अद्भुत हौसला आ गया। सेनापति बाघ ने राजा शेर को सलाह दी कि शिकारी जंगल में घुसे उससे पहले ही हम उन पर हमला कर देते हैं जिससे वे लोग भाग जाएंगे। शेर को यह सलाह पसंद नहीं आई। फिर भी बाघ की सलाह को मानते हुए उसमें जरूरी सुधार के साथ शेर ने कहा कि हम हमला करेंगे लेकिन अभी नहीं थोड़ी देर बाद योजनानुसार।

 

शेर ने अपने मंत्रियों के साथ गुप्त मंत्रणा की, शिकारियों से निपटने के तरीकों पर सबकी सलाह को ध्यान से सुना। अंत में शेर ने सबकी सलाह को उत्कृष्ट बताते हुए पूरी योजना को सबके सामने प्रस्तुत किया। शेर की योजना सुन कर पूरा मंत्रिमंडल उनसे सहमत हो गया। अपनी योजना के अनुसार शेर ने पहली चाल चली। जंगल की सभी मधुमक्खियों को उसने बुलावा भेजा। शेर ने उनको शिकारियों के झुंड को घायल करने का आदेश दिया। अचानक हुए हमले से शिकारी इधर-उधर भागने लगे। मधुमक्खियों के काटने से शिकारी घायल हो गए थे। मधुमक्खियों से बचने के लिए शिकारियों के दिमाग में एक उपाय सूझा। वे सब पानी के तालाब की ओर भागे, जिसमें डुबकी लगाकर वे उनसे तुरंत रूप से बच सकें।

 

उन्होंने देखा कि बहुत सारे मगरमच्छ तालाब के किनारे पर इधर-उधर घूम रहे थे। अपनी आंखों के सामने मौत खड़ी देख कर शिकारी उलटे पांव वापस भागे लेकिन तब तक मधुमक्खियों ने उन्हें काफी घायल कर दिया था। आंखों पर काटने से सबकी आंखें सूज गई थी। शिकारियों ने शिकार की इच्छा छोड़कर सही सलामत घर लौटने में ही भलाई समझी। तभी बीच में शेर की सेना ने बाघ की अगुवाई में हमला बोल दिया। सभी शिकारी खुद ही शेर की सेना का शिकार हो गए।


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