Edited By jyoti choudhary,Updated: 25 Jun, 2026 06:20 PM

स्थानीय शेयर बाजार में बृहस्पतिवार को लगातार दूसरे दिन तेजी जारी रही और दोनों मानक सूचकांक लाभ में रहे। कच्चे तेल के दाम में नरमी और वैश्विक बाजारों में तेजी के साथ निवेशकों की धारणा मजबूत होने से वाहन, विमानन और बैंक शेयरों में लिवाली से बीएसई
मुंबईः स्थानीय शेयर बाजार में बृहस्पतिवार को लगातार दूसरे दिन तेजी जारी रही और दोनों मानक सूचकांक लाभ में रहे। कच्चे तेल के दाम में नरमी और वैश्विक बाजारों में तेजी के साथ निवेशकों की धारणा मजबूत होने से वाहन, विमानन और बैंक शेयरों में लिवाली से बीएसई सेंसक्स 109 अंक चढ़ गया जबकि एनएसई निफ्टी 34 अंक के लाभ में रहा। तीस शेयरों पर आधारित बीएसई सेंसेक्स 109.25 अंक यानी 0.14 प्रतिशत की बढ़त के साथ 77,100.47 अंक पर बंद हुआ। सेंसेक्स में शामिल शेयरों में 19 में गिरावट आई और 11 लाभ में रहे। सूचकांक बढ़त के साथ खुला और एक समय 811.96 अंक यानी एक प्रतिशत और चढ़कर दिन के उच्चतम स्तर 77,803.18 अंक पर पहुंच गया था।
हालांकि, कारोबार के दूसरे सत्र में सूचना प्रौद्योगिकी और धातु शेयरों में मुनाफावसूली से कारण इसकी बढ़त सिमट गई। पचास शेयरों पर आधारित एनएसई निफ्टी 34.35 अंक यानी 0.14 प्रतिशत बढ़कर 24,056 अंक पर बंद हुआ। कारोबार के दौरान सूचकांक ऊंचे में 24,261.60 अंक तक गया और नीचे में 24,039 अंक तक आया। सेंसेक्स के शेयरों में इंडिगो की मूल कंपनी इंटरग्लोब एविएशन में सबसे अधिक 4.82 प्रतिशत की तेजी आई। इसके अलावा, महिंद्रा एंड महिंद्रा, मारुति, भारतीय स्टेट बैंक, आईसीआईसीआई बैंक और हिंदुस्तान यूनिलीवर भी प्रमुख रूप से लाभ में रहे। दूसरी तरफ, नुकसान में रहने वाले शेयरों में पावर ग्रिड, भारत इलेक्ट्रॉनिक्स, टेक महिंद्रा, इन्फोसिस और भारती एयरटेल शामिल हैं।
जियोजीत इन्वेस्टमेंट्स लिमिटेड के शोध प्रमुख विनोद नायर ने कहा, ''घरेलू बाजार कारोबार के अंत में लगभग स्थिर रहा। कारोबार के दौरान शुरुआती बढ़त मुनाफावसूली के कारण कायम नहीं रह पाई। हालांकि, कच्चे तेल की कीमतों में भारी गिरावट ने रुपए को सहारा दिया और कुछ राहत दी। लेकिन यह तेजी को बनाये रखने के लिए पर्याप्त नहीं था।'' नायर ने कहा कि क्षेत्र के हिसाब से देखें तो वाहन शेयरों का प्रदर्शन बेहतर रहा। इसकी वजह धातु की कीमतों में नरमी, आपूर्ति श्रृंखला की समस्याओं में कमी और माह के दौरान खुदरा मांग में सुधार था।
ऑनलाइन ट्रेडिंग कंपनी एनरिच मनी के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) पोनमुडी आर ने कहा, ''भारतीय शेयर बाजार में कारोबार लगभग स्थिर रहा। शुरुआत में चिप बनाने वाली अमेरिकी कंपनी माइक्रोन के शानदार तिमाही नतीजे, पश्चिम एशिया में कम होते तनाव और कच्चे तेल की कीमतों में और गिरावट से उत्साह दिखा था। हालांकि, लंबे सप्ताहांत से पहले मुनाफावसूली के कारण यह फीका पड़ गया।'' उन्होंने कहा कि वैश्विक बाजार को लेकर धारणा मजबूत हुई क्योंकि माइक्रोन के बेहतर वित्तीय परिणाम और आय के अच्छे अनुमान ने प्रौद्योगिकी और कृत्रिम मेधा (एआई) क्षेत्र को लेकर उम्मीदे फिर से जगा दी है। हालांकि, व्यापक बाजारों में गिरावट देखी गई।
मझोली कंपनियों से जुड़ा बीएसई मिडकैप सेलेक्ट सूचकांक 0.55 प्रतिशत टूटा और छोटी कंपनियों का स्मॉलकैप सेलेक्ट 0.37 प्रतिशत नीचे आया। साप्ताहिक आधार पर बीएसई सेंसेक्स 297.57 अंक चढ़ा जबकि एनएसई निफ्टी 42.9 अंक के लाभ में रहा। वैश्विक तेल मानक ब्रेंट क्रूड 1.26 प्रतिशत टूटकर 72.81 डॉलर प्रति बैरल पर आ गया। एशिया के अन्य बाजारों में, दक्षिण कोरिया का कॉस्पी, जापान का निक्की और चीन का शंघाई कम्पोजिट लाभ के साथ बंद हुए। हांगकांग के हैंग सेंग में गिरावट रही। यूरोप के प्रमुख बाजारों में दोपहर के कारोबार में तेजी का रुख था। अमेरिकी बाजार में बुधवार को नरमी रही थी।
शेयर बाजार के आंकड़ों के अनुसार, विदेशी संस्थागत निवेशकों ने बुधवार को 1,843.40 करोड़ रुपए के शेयर बेचे। सेंसेक्स बुधवार 790.54 अंक चढ़कर 76,991.22 अंक पर बंद हुआ था। निफ्टी 197.55 अंक की तेजी के साथ 24,021.65 अंक पर रहा था। 'मुहर्रम' के कारण शुक्रवार को शेयर बाजार, मुद्रा बाजार और जिंस बाजार बंद रहेंगे।