Edited By Tanuja,Updated: 12 Aug, 2026 12:44 PM

ब्रिटेन के नॉटिंघम में अब्दुल खान को 13 साल की बच्ची से रेप और ग्रूमिंग समेत कई अपराधों में 9 साल 6 महीने की सजा सुनाई गई। खान ने Snapchat पर खुद को 14 साल का बताकर बच्ची से संपर्क किया था। कोर्ट ने सजा के बाद उसके अफगानिस्तान निर्वासन का भी आदेश...
London: ब्रिटेन के नॉटिंघम से एक बेहद गंभीर मामला सामने आया है। यहां अब्दुल खान नाम के एक व्यक्ति ने Snapchat पर खुद को 14 साल का लड़का बताकर 13 साल की बच्ची से संपर्क किया। इसके बाद उसने बच्ची को मिलने के लिए बुलाया और उसका यौन शोषण किया। अदालत ने खान को रेप समेत कई अपराधों में दोषी ठहराते हुए 9 साल 6 महीने की जेल की सजा सुनाई है। अदालत में बताया गया कि करीब 28 साल के अब्दुल खान ने Snapchat के जरिए 13 वर्षीय लड़की से संपर्क किया था। उसने अपनी असली पहचान छिपाकर खुद को 14 साल का बताया। लड़की को लगा कि वह अपनी उम्र के किसी किशोर से बातचीत कर रही है। अब्दुल खान को अदालत की रिपोर्टों में शरण मांगने वाला व्यक्ति बताया गया है, जो 2015 में अफगानिस्तान से लॉरी के पीछे छिपकर ब्रिटेन पहुंचा था।
14 मई 2025 को खान ने लड़की को नॉटिंघम के क्लिफ्टन इलाके में स्थित एक नेचर रिजर्व के पास मिलने के लिए बुलाया। जब दोनों आमने-सामने मिले तो लड़की को पता चला कि खान 14 साल का नहीं है। अदालत के मुताबिक, इसके बाद उसने खुद को 16 साल का बताकर लड़की को भरोसा दिलाने की कोशिश की। अदालत ने उसे लड़की से दो बार रेप करने का दोषी पाया। घटना के बाद पीड़िता ने अपने पिता को पूरी बात बताई। इसके बाद पुलिस को सूचना दी गई और जांच शुरू हुई। खान को एक अन्य नाबालिग से यौन संपर्क के मामले में गिरफ्तार किया गया था। पुलिस ने उसके मोबाइल फोन की जांच की तो 13 वर्षीय पीड़िता से उसके संपर्क के सबूत मिले। बाद में DNA साक्ष्यों ने भी खान को इस मामले से जोड़ दिया। इसके बावजूद आरोपी ने अदालत में पीड़िता से मिलने की बात से इनकार किया।
अदालत को बताया गया कि खान पहले से ही डर्बीशायर में एक दूसरी बच्ची से यौन संपर्क के मामले में 23 महीने की सजा काट रहा था। नॉटिंघम क्राउन कोर्ट में चार दिन चली सुनवाई के बाद खान को दो रेप, बच्चे के साथ यौन गतिविधि, बच्चे से यौन संवाद, ग्रूमिंग के बाद बच्चे से मुलाकात और न्याय की प्रक्रिया को बाधित करने समेत कई अपराधों में दोषी ठहराया गया। जज मार्क वॉटसन ने कहा कि खान ने जानबूझकर अपनी असली पहचान छिपाई थी। पीड़िता को विश्वास था कि वह अपनी उम्र के किसी बच्चे से बातचीत कर रही है। जज ने आरोपी के अपनी उम्र और पहचान को लेकर किए गए दावों को भी खारिज कर दिया।
अदालत में पीड़िता का बयान भी पढ़कर सुनाया गया। उसके मुताबिक, घटना के बाद उसे दुनिया से डर लगने लगा और वह खुद को असुरक्षित महसूस करने लगी।
घटना की याद आने पर उसे आरोपी का चेहरा और पूरी घटना याद आती है। इस वजह से उसके लिए दूसरे लोगों पर भरोसा करना भी मुश्किल हो गया है। अदालत ने अब्दुल खान को 9 साल 6 महीने की जेल की सजा सुनाई है। उसे अनिश्चितकाल के लिए सेक्स ऑफेंडर के रूप में रजिस्टर करने का आदेश भी दिया गया है। अदालत ने कहा कि सजा पूरी होने के बाद उसका स्वचालित निर्वासन होगा और उसे अफगानिस्तान भेजा जाएगा। नॉटिंघमशायर पुलिस की डिटेक्टिव कॉन्स्टेबल मेडेलीन जॉनसन ने खान को “अवसरवादी और शिकारी अपराधी” बताया। पुलिस के मुताबिक, उसके पिछले मामले से भी पता चलता है कि वह कम उम्र की लड़कियों को निशाना बनाने की कोशिश करता रहा है।