ट्रंप के 25% टैरिफ से भड़का ब्राजील; लूला सरकार ने अमेरिका को दी खुली चुनौती, कहा-अब हर कदम का मिलेगा जवाब

Edited By Updated: 16 Jul, 2026 06:52 PM

brazil announces retaliatory measures following us  25 tariff imposition

अमेरिका ने ब्राजील के कुछ उत्पादों पर 25% टैरिफ लगाया है। ब्राजील ने इसे अनुचित बताते हुए जवाबी कार्रवाई और WTO में शिकायत करने की घोषणा की है। अमेरिका ने डिजिटल व्यापार, IP और पर्यावरण संबंधी मुद्दों को आधार बनाया, जबकि ब्राजील ने सभी आरोपों को...

International Desk: अमेरिका द्वारा ब्राजील से आयात होने वाले कुछ उत्पादों पर 25% टैरिफ लगाने के फैसले के बाद दोनों देशों के बीच व्यापारिक तनाव बढ़ गया है। ब्राजील के राष्ट्रपति लुइज इनासियो लूला दा सिल्वा की सरकार ने इस फैसले को एकतरफा और वैश्विक व्यापार नियमों के खिलाफ बताते हुए कड़ी प्रतिक्रिया दी है। सरकार ने कहा है कि वह अमेरिका के खिलाफ जवाबी कदम उठाएगी और विश्व व्यापार संगठन (WTO) में भी इस मामले को ले जाएगी।  ब्राजील सरकार ने आधिकारिक बयान में कहा कि अमेरिका ने 1974 के ट्रेड एक्ट की धारा 301 के तहत 25% टैरिफ लगाने का फैसला किया है, लेकिन इसके पीछे कोई उचित आधार नहीं है। सरकार का कहना है कि अमेरिका ने बहुपक्षीय व्यापार नियमों का उल्लंघन किया है।

 

ब्राजील ने दावा किया कि पिछले 15 वर्षों में अमेरिका को ब्राजील के साथ व्यापार में लगभग 424.5 अरब डॉलर का अधिशेष (Trade Surplus) मिला है। इसके बावजूद अमेरिका द्वारा टैरिफ लगाना अनुचित और असंतुलित कदम है। सरकार ने यह भी बताया कि 2025 में अमेरिका से आने वाले 76% उत्पाद बिना किसी आयात शुल्क के ब्राजील में प्रवेश कर चुके हैं, जबकि अमेरिकी सामानों पर औसत प्रभावी आयात शुल्क केवल 3.1% रहा। ऐसे में अमेरिका के अनुचित व्यापार व्यवहार के आरोप निराधार हैं। ब्राजील ने अमेरिकी जांच में लगाए गए आरोपों को भी खारिज कर दिया। सरकार ने कहा कि PIX डिजिटल भुगतान प्रणाली, डिजिटल प्लेटफॉर्म के नियम और अमेजन में वनों की कटाई (Deforestation) को लेकर लगाए गए आरोप तथ्यहीन हैं।

 

सरकार का दावा है कि 2023 के बाद से अमेजन सहित सभी बायोम क्षेत्रों में अवैध कटाई पर सख्ती की गई है और इसमें उल्लेखनीय कमी आई है। राष्ट्रपति लूला की सरकार ने स्पष्ट किया कि वह तुरंत ब्राजील के 'रेसिप्रोसिटी लॉ' (Reciprocity Law) के तहत जवाबी कार्रवाई शुरू करेगी। साथ ही विवाद को विश्व व्यापार संगठन (WTO) के विवाद निपटान तंत्र में भी उठाया जाएगा। सरकार ने घरेलू राजनीति पर भी निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि अमेरिका का यह फैसला बोल्सोनारो परिवार के सहयोग से तैयार की गई रणनीति का हिस्सा है। बयान में कहा गया कि कुछ लोग देशहित के बजाय राजनीतिक लाभ के लिए विदेशी दबाव का समर्थन कर रहे हैं।

 

अमेरिकी व्यापार प्रतिनिधि (USTR) ने एक साल लंबी जांच के बाद दावा किया कि ब्राजील की कई व्यापारिक नीतियां अमेरिकी कंपनियों और किसानों के लिए नुकसानदायक हैं। अमेरिका ने डिजिटल व्यापार, इलेक्ट्रॉनिक भुगतान सेवाओं, बौद्धिक संपदा (IP), एथेनॉल बाजार, भ्रष्टाचार विरोधी कानूनों और अवैध वनों की कटाई जैसे मुद्दों को आधार बनाकर यह टैरिफ लगाया है।हालांकि अमेरिकी प्रशासन ने कुछ प्रमुख ब्राजीली उत्पादों को इस टैरिफ से छूट भी दी है। इनमें बीफ, कॉफी, रेयर अर्थ मिनरल्स और विमान के पुर्जे शामिल हैं।

 

 
 
 
  

Related Story

Trending Topics

img title
img title

Be on the top of everything happening around the world.

Try Premium Service.

Subscribe Now!