Edited By Anu Malhotra,Updated: 09 Jul, 2026 12:31 PM
IMD Rain Alert Delhi: दिल्ली में वीरवार सुबह बादल छाए रहे जबकि रात भर हुई बारिश के कारण सुबह सड़कों पर पानी भरा रहा और कई पेड़ उखड़ गए। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने आज दिन के लिए 'रेड अलर्ट' जारी किया है।
IMD Rain Alert Delhi: दिल्ली में वीरवार सुबह बादल छाए रहे जबकि रात भर हुई बारिश के कारण सुबह सड़कों पर पानी भरा रहा और कई पेड़ उखड़ गए। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने आज दिन के लिए 'रेड अलर्ट' जारी किया है। IMD ने बताया कि राष्ट्रीय राजधानी के मुख्य मौसम केंद्र सफदरजंग में सुबह साढ़े 8 बजे तक पिछले 24 घंटों में 72.6 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। इस दौरान लोधी रोड मौसम केंद्र में 80.2 मिलीमीटर, रिज में 77.8 मिलीमीटर, पालम में 63.0 मिलीमीटर और आयानगर में 57.4 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। IMD ने दिल्ली के लिए 'रेड अलर्ट' जारी करते हुए चेतावनी दी कि दिन में बादलों की गरज और बिजली की चमक के साथ मध्यम से भारी बारिश होने की संभावना है। IMD के अनुसार, दिल्ली में न्यूनतम तापमान 24.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया जो सामान्य से 3.6 डिग्री कम है। लगातार कई घंटों तक हुई बारिश से सड़कों पर अव्यवस्था बढ़ गई, पेड़ उखड़ गए और कई इलाके जलमग्न हो गए।
कई इलाकों में सड़कें नदियों जैसी लग रही थीं क्योंकि लगातार बारिश ने शहर के जल निकासी तंत्र (ड्रेनेज सिस्टम) को बेअसर कर दिया था। सबसे दुखद घटना रोहिणी में हुई, जहां भारी बारिश के बीच निर्माणाधीन चार मंजिला इमारत ढह गई, जिससे तीन लोगों की मौत हो गई।
IMD के अनुसार, सफदरजंग में दिल्ली के मुख्य मौसम केंद्र ने सुबह 8.30 बजे तक पिछले 24 घंटों में 72.6 मिमी बारिश दर्ज की। इसी अवधि में लोधी रोड पर 80.2 मिमी, रिज में 77.8 मिमी, पालम में 63 मिमी और अयानगर में 57.4 मिमी बारिश हुई। शहर के कई हिस्सों में जलभराव की सूचना मिली, जिनमें सदर बाजार, ग्रेटर कैलाश, बदरपुर, नासिरपुर, तेलीवाड़ा, महावीर बाजार, स्वरूप नगर, कुशक रोड, मुनिरका, द्वारका, विकास मार्ग, पूर्वी दिल्ली और नई दिल्ली रेलवे स्टेशन क्षेत्र शामिल हैं।
रिंग रोड, आउटर रिंग रोड, दिल्ली-नोएडा एक्सप्रेसवे और धौला कुआं, महिपालपुर और रजोकरी के पास नेशनल हाईवे-48 सहित कई मुख्य सड़कों पर ट्रैफिक बहुत धीमा हो गया, कम दृश्यता और जलभराव ने सुबह की भीड़-भाड़ वाली स्थिति को और खराब कर दिया। लगातार बारिश के कारण राजधानी के कई हिस्सों में पेड़ भी गिर गए, जिससे परेशानी और बढ़ गई। ईस्ट ऑफ कैलाश में दो पेड़ उखड़ गए - एक इस्कॉन मंदिर के पास और दूसरा नेशनल हार्ट इंस्टीट्यूट के बाहर - जिससे कुछ समय के लिए सड़कें बंद हो गईं और ट्रैफिक बाधित हुआ। दोनों घटनाओं में किसी के घायल होने की सूचना नहीं है।
दिल्ली की नागरिक एजेंसियों को जलभराव, गिरे हुए पेड़ों और बिजली कटौती से संबंधित कई शिकायतें मिलीं, जिसके बाद सड़कों को साफ करने और स्थिति सामान्य करने के लिए आपातकालीन टीमों को तैनात किया गया। तेज़ बारिश का असर राजधानी के अलावा पड़ोसी शहर गुरुग्राम तक भी दिखा, जहां सड़कों पर पानी भरने से गाड़ियां फंस गईं और दिल्ली-जयपुर हाईवे पर नरसिंहपुर, बसई, उमंग भारद्वाज चौक, कादीपुर, सेक्टर 10A और सोहना रोड के पास भारी जाम लग गया।
IMD ने पिछले दो दिनों में हुई ज़बरदस्त बारिश की वजह मौसमी मॉनसून ट्रफ़ का उत्तर की ओर हिमालय की तलहटी की तरफ़ बढ़ना बताया है। मौसम विभाग के अधिकारियों का कहना है कि जब तक यह सिस्टम और उत्तर की ओर नहीं बढ़ जाता, तब तक दिल्ली में अच्छी-खासी बारिश होती रहेगी। इतनी तेज़ बारिश के बावजूद, दिल्ली की हवा की गुणवत्ता संतोषजनक श्रेणी में बनी रही और गुरुवार सुबह एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) 61 दर्ज किया गया।