Edited By SHUKDEV PRASAD,Updated: 12 Mar, 2026 11:58 PM

पश्चिम बंगाल में आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर चुनावी तैयारियां तेज हो गई हैं। इसी बीच Election Commission of India (ECI) ने राज्य में चुनाव प्रक्रिया को और पारदर्शी बनाने के लिए एक अहम प्रशासनिक निर्णय लिया है।
नेशनल डेस्क: पश्चिम बंगाल में आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर चुनावी तैयारियां तेज हो गई हैं। इसी बीच Election Commission of India (ECI) ने राज्य में चुनाव प्रक्रिया को और पारदर्शी बनाने के लिए एक अहम प्रशासनिक निर्णय लिया है।
आयोग ने पहली बार 152 विधानसभा क्षेत्रों के रिटर्निंग अधिकारियों (RO) को SDM (Sub-Divisional Magistrate) या उससे उच्च स्तर के अधिकारियों के रूप में पदोन्नत या नियुक्त किया है। नई अधिसूचना के अनुसार अब राज्य की सभी 294 विधानसभा सीटों पर SDM या उससे ऊपर के स्तर के अधिकारी रिटर्निंग ऑफिसर के रूप में जिम्मेदारी संभालेंगे।
निष्पक्ष चुनाव के लिए उठाया गया कदम
चुनाव आयोग का कहना है कि यह फैसला राज्य में स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव सुनिश्चित करने के उद्देश्य से लिया गया है। यह व्यवस्था देश के कई अन्य राज्यों में पहले से लागू है और अब इसे पश्चिम बंगाल में भी लागू किया गया है।
ममता बनर्जी और TMC का विरोध
इस फैसले को लेकर राज्य की सत्ताधारी पार्टी All India Trinamool Congress (TMC) और मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने पहले आपत्ति जताई थी। TMC ने चुनाव प्रक्रिया और रिटर्निंग ऑफिसरों की नियुक्ति को लेकर सवाल उठाए थे। हालांकि चुनाव आयोग ने इसे चुनावी प्रक्रिया की पारदर्शिता और निष्पक्षता के लिए जरूरी बताया है।
कब हो सकता है चुनाव का ऐलान?
सूत्रों के मुताबिक, चुनाव आयोग 16 मार्च 2026 को पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव की तारीखों की घोषणा कर सकता है। यह घोषणा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की 14 मार्च को कोलकाता के ब्रिगेड ग्राउंड में होने वाली रैली के दो दिन बाद होने की संभावना जताई जा रही है।
दो चरणों में मतदान की संभावना
जानकारी के अनुसार इस बार पश्चिम बंगाल में चुनाव दो चरणों में कराने की योजना पर विचार किया जा रहा है।
संभावित कार्यक्रम इस प्रकार हो सकता है:
पहला चरण: अप्रैल के दूसरे या तीसरे सप्ताह में]दूसरा चरण: उसके बाद अगले चरण में] उसी दिन असम, तमिलनाडु, केरल और पुडुचेरी के विधानसभा चुनावों की तारीखों की घोषणा भी हो सकती है।
चुनाव आयोग की फुल बेंच से हुई चर्चा
राज्य की प्रमुख पार्टियों –
- भारतीय जनता पार्टी
- All India Trinamool Congress
- Communist Party of India (Marxist)
- Indian National Congress
ने हाल ही में मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार की अगुवाई वाली चुनाव आयोग की फुल बेंच से मुलाकात कर चुनाव को एक या अधिकतम दो चरणों में कराने की मांग की थी। चुनाव आयोग के अधिकारियों का मानना है कि सीमित चरणों में मतदान कराने से चुनावी हिंसा और गड़बड़ी की आशंका कम की जा सकती है।
मई में खत्म होगा विधानसभा का कार्यकाल
पश्चिम बंगाल विधानसभा का मौजूदा कार्यकाल 7 मई 2026 को समाप्त हो रहा है। इसलिए चुनाव अप्रैल से मई के बीच कराए जाने की संभावना है।