बहन पर चढ़ा प्रेत तो भाई-भाभी ने बांध दिए हाथ-पांव, दिल दहला देगा यह मामला

Edited By Updated: 09 Mar, 2026 04:17 PM

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जिस समय पूरी दुनिया महिलाओं के सम्मान और आजादी की बातें कर रही थी ठीक उसी समय झारखंड के नोवामुंडी क्षेत्र से मानवता को शर्मसार करने वाली तस्वीर सामने आई। शनिवार रात करीब 9 बजे, तोड़े टोपा गांव में एक युवती को उसके ही भाई और भाभी ने कपड़े की रस्सी से...

Superstition Case Jharkhand Woman Bound with Rope : जिस समय पूरी दुनिया महिलाओं के सम्मान और आजादी की बातें कर रही थी ठीक उसी समय झारखंड के नोवामुंडी क्षेत्र से मानवता को शर्मसार करने वाली तस्वीर सामने आई। शनिवार रात करीब 9 बजे, तोड़े टोपा गांव में एक युवती को उसके ही भाई और भाभी ने कपड़े की रस्सी से बांधकर बंधक बना लिया। परिजनों का दावा है कि युवती पर किसी 'मृत युवक का भूत' सवार है जिसे उतारने के लिए वे उसे जबरन झाड़-फूंक कराने ले जा रहे थे।

झिकपानी के युवक की आत्मा का असर

युवती के भाई-भाभी ने इस क्रूरता के पीछे एक विचित्र तर्क दिया है। उनके अनुसार कुछ समय पहले पास के झिकपानी इलाके में एक युवक की मौत हुई थी। परिवार को वहम है कि उसी युवक की आत्मा युवती के शरीर में प्रवेश कर गई है। परिजनों का कहना है कि युवती अचानक अजीब व्यवहार करने लगती है और इधर-उधर भागती है जिसे वे भूत का साया मान रहे हैं।

भाई की दलील- भाग न जाए इसलिए बांधा

जब ग्रामीणों और राहगीरों ने युवती को रस्सी से बंधा देखा और विरोध किया तो भाई ने सफाई देते हुए कहा कि वह अपनी बहन को सिर्फ कंट्रोल कर रहा है। उसने बताया कि बहन बार-बार भागने की कोशिश करती है इसलिए उसे कपड़े की रस्सी से कमर में बांधा गया है ताकि उसे तांत्रिक के पास सुरक्षित ले जाया जा सके।

वैज्ञानिक सोच बनाम अंधविश्वास

यह घटना नोवामुंडी के ग्रामीण क्षेत्रों में शिक्षा और स्वास्थ्य जागरूकता की भारी कमी को दर्शाती है। चिकित्सा विशेषज्ञों का मानना है कि युवती किसी मानसिक विकार या हिस्टीरिया जैसी स्थिति से जूझ रही हो सकती है जिसका इलाज केवल डॉक्टर और मनोवैज्ञानिक ही कर सकते हैं लेकिन जागरूकता के अभाव में परिवार उसे अस्पताल ले जाने के बजाय तांत्रिकों के हवाले कर रहा है।

इलाके में आक्रोश

इस घटना का वीडियो और जानकारी सामने आने के बाद स्थानीय लोगों में काफी रोष है। बुद्धिजीवियों का कहना है कि आधुनिक युग में भी झाड़-फूंक और रस्सियों से बांधना न केवल कानूनी अपराध है बल्कि मानवाधिकारों का भी उल्लंघन है।

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