Edited By Sanjeev,Updated: 07 Oct, 2026 11:34 AM

आंध्र प्रदेश के मदनपल्ले में पिछले सप्ताह हुए एक कार्यक्रम के दौरान केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण को विरोध का सामना करना पड़ा और उन्होंने इसे लेकर अपनी नाराजगी जाहिर करते हुए अपना भाषण भी रोक दिया।
मदनपल्ले : आंध्र प्रदेश के मदनपल्ले में पिछले सप्ताह हुए एक कार्यक्रम के दौरान केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण को विरोध का सामना करना पड़ा और उन्होंने इसे लेकर अपनी नाराजगी जाहिर करते हुए अपना भाषण भी रोक दिया। यह घटना 'ग्लोबल हॉर्टिकल्चर हब' (रायलसीमा राइजिंग) और 'इंडियन स्कूल ऑफ एग्रीकल्चर' की आधारशिला रखने के समारोह के दौरान हुई। जब वित्त मंत्री तेलुगु में लोगों को संबोधित कर रही थीं, तो भीड़ का एक हिस्सा (जिन्हें मुख्य रूप से स्थानीय युवा बताया गया) सीटी बजाने, हूटिंग करने और नारे लगाने लगा। खबरों के अनुसार प्रदर्शनकारी जोर-शोर से स्थानीय रोजगार के अवसरों और क्षेत्रीय विकास की गारंटी की मांग कर रहे थे।
भारी हंगामे और नारेबाजी के कारण केंद्रीय मंत्री निर्मला सीतारमण को पोडियम पर अपना भाषण रोकना पड़ा। उन्होंने हाथ जोड़कर भीड़ से शांति बनाए रखने का अनुरोध किया। इसके बाद आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू गुस्से में माइक्रोफोन के पास आए और प्रदर्शनकारियों को कड़ी फटकार लगाई। नायडू ने मंच से कड़ी चेतावनी देते हुए कहा, 'जब कोई केंद्रीय मंत्री बोल रहा हो, तब अनुशासनहीन व्यवहार करना स्वीकार्य नहीं है... एक सरकारी कार्यक्रम की अपनी मर्यादा होती है और उसका सम्मान किया जाना चाहिए।' उन्होंने सभी को तुरंत बैठ जाने का आदेश दिया।
मुख्यमंत्री के कड़े दखल के बाद भीड़ शांत हो गई, जिससे वित्त मंत्री अपना भाषण सफलतापूर्वक पूरा कर सकीं। इस कार्यक्रम में उपमुख्यमंत्री पवन कल्याण, आईटी मंत्री नारा लोकेश और रिलायंस के एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर अनंत अंबानी जैसी जानी-मानी हस्तियां भी शामिल थीं। इस घटना और नायडू के अचानक दखल का वीडियो क्लिप जल्द ही सोशल मीडिया पर वायरल हो गया।