पुणे: पेशाब पिलाया, बिजली के झटके दिए… 15 साल तक बाबा की हैवानियत का खुलासा

Edited By Updated: 19 Jun, 2026 11:10 AM

pune fake guru arrest radhamohan mishra ashram raid spiritual leader

पुणे: महाराष्ट्र के पुणे से आस्था के नाम पर रूह कंपा देने वाली दरिंदगी का एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। खुद को भगवान का दूत बताने वाले एक 59 वर्षीय आध्यात्मिक गुरु ने एक पढ़ी-लिखी और नामचीन कंपनी में ऊंचे पद पर कार्यरत महिला को बंधक बनाकर उसकी...

पुणे: महाराष्ट्र के पुणे से आस्था के नाम पर रूह कंपा देने वाली दरिंदगी का एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। खुद को भगवान का दूत बताने वाले एक 59 वर्षीय आध्यात्मिक गुरु ने एक पढ़ी-लिखी और नामचीन कंपनी में ऊंचे पद पर कार्यरत महिला को बंधक बनाकर उसकी जिंदगी को नर्क बना दिया। पुणे पुलिस की क्राइम ब्रांच ने जब वाघोली के एक आलीशान बंगले पर रेड मारी, तो वहां का नजारा देखकर पुलिस अधिकारियों के भी पैरों तले जमीन खिसक गई। पुलिस ने मुख्य आरोपी समेत 8 लोगों को गिरफ्तार कर लिया है।

पुलिस के मुताबिक, इस घिनौने रैकेट का मास्टरमाइंड राधामोहन मिश्रा है, जो मूल रूप से हरियाणा का रहने वाला है। वह पिछले 8 सालों से पुणे के एक आलीशान बंगले में अपना आश्रम चला रहा था। आरोपी लोगों की बीमारी, घरेलू क्लेश और आर्थिक तंगी को अपनी 'दैवीय ताकतों' से दूर करने का दावा करता था। इसी झांसे में पुणे के सिंहगढ़ रोड की रहने वाली 41 वर्षीय पीड़िता भी आ गई। आरोपी ने तंत्र-मंत्र के जाल में महिला और उसके परिवार का ऐसा ब्रेनवाश किया कि महिला सब कुछ छोड़कर उसके बंगले में रहने लगी। यह पूरा काला साम्राज्य साल 2001 से यानी पिछले 25 सालों से हरियाणा और पुणे में फैला हुआ था।

रोंगटे खड़े करने वाली दास्तान
पीड़िता ने पुलिस को जो आपबीती सुनाई, वह किसी हॉरर फिल्म से कम नहीं है। अध्यात्म की आड़ में महिला का सालों तक शारीरिक और यौन शोषण किया गया। इतना ही नहीं आरोपी उसे इलेक्ट्रिक शॉक भी देता था। इतना ही नहीं, खुद को भगवान का बंदा बताने वाले इस हैवान ने महिला को अपना पेशाब पीने तक के लिए मजबूर किया।  जब भी महिला विरोध करती, आरोपी उसके परिवार को डरा-धमकाकर या बहला-फुसलाकर उसकी बात को झूठा साबित कर देता था।

बंगले में सीसीटीवी का जाल और अंडरग्राउंड सुरंग
क्राइम ब्रांच की छापेमारी में इस आलीशान बंगले से कई चौंकाने वाले सबूत मिले हैं।  पुलिस को भारी मात्रा में लैपटॉप, पेन ड्राइव, हार्ड डिस्क और सीडी-डीवीडी मिली हैं। पूरे परिसर और महिला के कमरों में सीसीटीवी कैमरे छिपे थे। अंदेशा है कि महिला के प्राइवेट वीडियो बनाकर उसे ब्लैकमेल किया जा रहा था।

जांच के दौरान बंगले के अंदर एक निर्माणाधीन अंडरग्राउंड सुरंग मिली है। आरोपियों ने केवल महिला का शोषण ही नहीं किया, बल्कि जालसाजी और धोखाधड़ी के जरिए उसकी करोड़ों रुपये की प्रॉपर्टी भी अपने नाम करवा ली। पुणे क्राइम ब्रांच ने मुख्य आरोपी राधामोहन मिश्रा, उसके सबसे खास मददगार कंवल नयन (58 वर्ष) और जुल्म में साथ देने वाली 6 महिला सहयोगियों को गिरफ्तार कर लिया है। कोर्ट ने सभी 8 आरोपियों को 20 जून तक पुलिस कस्टडी में भेज दिया है। पुलिस को अंदेशा है कि इस गुप्त बंगले और सीक्रेट सुरंग के खेल में कई और महिलाएं भी शिकार हुई हो सकती हैं। फिलहाल, पुलिस इस पूरे रैकेट की कड़ियों को जोड़ने में जुटी है।


 

Related Story

img title
img title

Be on the top of everything happening around the world.

Try Premium Service.

Subscribe Now!