Edited By Rohini Oberoi,Updated: 08 Aug, 2026 10:16 AM

राजधानी दिल्ली और आसपास के इलाकों में बीते दिन हुई मूसलाधार बारिश के बाद मौसम सुहाना बना हुआ है और ठंडक महसूस की जा रही है। सुबह से शुरू हुआ बारिश का सिलसिला देर रात तक जारी रहा जिससे कई इलाकों में 3 से 4 फीट तक जलभराव हो गया और लोगों को भारी...
नई दिल्ली : राजधानी दिल्ली और आसपास के इलाकों में बीते दिन हुई मूसलाधार बारिश के बाद मौसम सुहाना बना हुआ है और ठंडक महसूस की जा रही है। सुबह से शुरू हुआ बारिश का सिलसिला देर रात तक जारी रहा जिससे कई इलाकों में 3 से 4 फीट तक जलभराव हो गया और लोगों को भारी ट्रैफिक जाम का सामना करना पड़ा।
भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने शनिवार को भी दिल्ली में मूसलाधार बारिश की चेतावनी जारी करते हुए रेड अलर्ट घोषित किया है। इस दौरान 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज तूफानी हवाएं चलने की संभावना है। मौसम विभाग के आंकड़ों के मुताबिक अगस्त के पहले ही हफ्ते में दिल्ली में 127 मिलीमीटर बारिश दर्ज की जा चुकी है। इससे पहले साल 2011 में अगस्त के शुरुआती दिनों में इतनी बारिश हुई थी।
16 साल के बाद इस बार अगस्त में सबसे ज्यादा बारिश का रिकॉर्ड बना है। दिल्ली-एनसीआर में 13 अगस्त तक बादलों की आवाजाही बनी रहेगी। हालांकि बीच-बीच में उमस भरी गर्मी परेशान कर सकती है लेकिन हल्की बौछारें राहत दिलाती रहेंगी। बादल छाए रहेंगे और हल्की बारिश होने के आसार हैं। अधिकतम तापमान 34°C और न्यूनतम 25°C रह सकता है। सोमवार यानि कि 10 अगस्त को आसमान में बादल रहेंगे लेकिन बारिश की संभावना न के बराबर है।

मंगलवार 11 अगस्त को सुबह और शाम के समय हल्की बारिश हो सकती है। बुधवार 12 अगस्त हल्की बौछारें पड़ने के आसार हैं। अधिकतम तापमान 33°C और न्यूनतम 24°C रहने का अनुमान है। IMD के अनुसार दक्षिण-पश्चिम उत्तर प्रदेश और बंगाल की खाड़ी के ऊपर बने कम दबाव के क्षेत्र (Low Pressure Area) के कारण देश के कई हिस्सों में मानसूनी गतिविधियां तेज हो गई हैं। मध्य प्रदेश, हरियाणा, चंडीगढ़ और दिल्ली में भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है।

ओडिशा, झारखंड, बिहार, पश्चिम बंगाल, सिक्किम, केरल और तटीय कर्नाटक में अगले 2-3 दिनों तक भारी बारिश का अनुमान है। मछुआरों और पर्यटकों को समुद्र तटों से दूर रहने की सलाह दी गई है। वहीं नेपाल में भारी बारिश के कारण बिहार की नदियां उफान पर हैं जिससे बाढ़ का खतरा बढ़ गया है। असम में स्थिति पहले से गंभीर है। वहीं पहाड़ी राज्यों (हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड और जम्मू-कश्मीर) में भूस्खलन (Landslide) की चेतावनी जारी की गई है।
मौसम विभाग ने पंजाब, हरियाणा, राजस्थान, मध्य प्रदेश, यूपी, बिहार और गुजरात समेत 15 राज्यों के निवासियों को सतर्क रहने, किसानों को फसलें बचाने और चालकों को संभलकर वाहन चलाने की सलाह दी है।