Edited By Parveen Kumar,Updated: 25 Jul, 2026 06:42 PM

पश्चिम बंगाल के वित्त मंत्री स्वप्न दासगुप्ता ने शनिवार को विधानसभा में कहा कि मई में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के सत्ता में आने के बाद से राज्य को केंद्र से 70,000 करोड़ रुपये मिले हैं, जिससे राज्य दिवालिया होने से बच गया। उन्होंने इस बात पर जोर...
नेशनल डेस्क : पश्चिम बंगाल के वित्त मंत्री स्वप्न दासगुप्ता ने शनिवार को विधानसभा में कहा कि मई में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के सत्ता में आने के बाद से राज्य को केंद्र से 70,000 करोड़ रुपये मिले हैं, जिससे राज्य दिवालिया होने से बच गया। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि पिछली सरकार राज्य पर आठ लाख करोड़ रुपये से अधिक का कर्ज छोड़ गई है और केंद्र से मिली मदद के बिना पश्चिम बंगाल में कई कल्याणकारी योजनाएं बंद हो जातीं।
विधानसभा में पेश किए गए विनियोग विधेयक पर चर्चा के दौरान सदन को संबोधित करते हुए दासगुप्ता ने कहा कि मौजूदा सरकार को केंद्र से 70,000 करोड़ रुपये मिले हैं, जिसके बिना पश्चिम बंगाल ''दिवालिया'' हो जाता। राज्य सरकार को अपने समेकित कोष से खर्च करने की मंजूरी देने वाला यह विधेयक शनिवार को विधानसभा में पारित हो गया।
विधेयक पर चर्चा के दौरान उन्होंने कहा कि राज्य में भाजपा सरकार को कई अतिरिक्त प्रावधान करने होंगे, जिसमें कार बनाने वाली इकाई लगाने के लिए आवंटित जमीन से जुड़े विवाद में टाटा मोटर्स के पक्ष में आए मध्यस्थता फैसले से जुड़ा प्रावधान भी शामिल है। इस फैसले को पश्चिम बंगाल औद्योगिक विकास निगम ने कलकत्ता उच्च न्यायालय में चुनौती दी है।