Edited By Ramkesh,Updated: 07 Jul, 2026 05:47 PM

पंजाब केसरी समूह की पूर्व निदेशक स्वर्गीय श्रीमती स्वदेश चोपड़ा की 11वीं पुण्यतिथि पर पूरे देश में मेडिकल कैंप का आयोजन किया गया। इसी सिलसिले में मुजफ्फरपुर के तुर्की स्थित मशहूर आरडीजेएम मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल में भी मेडिकल कैंप का आयोजन किया...
मुजफ्फरपुर (संतोष तिवारी): पंजाब केसरी समूह की पूर्व निदेशक स्वर्गीय श्रीमती स्वदेश चोपड़ा की 11वीं पुण्यतिथि पर पूरे देश में मेडिकल कैंप का आयोजन किया गया। इसी सिलसिले में मुजफ्फरपुर के तुर्की स्थित मशहूर आरडीजेएम मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल में भी मेडिकल कैंप का आयोजन किया गया। इस मौके पर करीब साढ़े चार सौ मरीजों के स्वास्थ्य की जांच की गई और आरडीजेएम मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल के प्रबंधन की तरफ से मरीजों को मुफ्त दवाएं भी मुहैया कराई गईं।

इस मौके पर पूर्व मंत्री और संस्थान के चेयरमैन सुरेश शर्मा, संस्थापक डॉक्टर मनोज कुमार और एमडी राजीव कुमार मौजूद रहे। वहीं प्रशासनिक पदाधिकारी मनीष कुमार,मेडिकल सुपरिटेंडेंट डॉक्टर नवीन बरियार सहित संस्थान के डॉक्टर, पीजी छात्र और स्वास्थ्यकर्मी मौजूद रहे।इस कैंप का उद्देश्य स्वर्गीय स्वदेश चोपड़ा को श्रद्धांजलि अर्पित करने के साथ-साथ जरूरतमंद लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना भी था।इस कार्यक्रम में विभिन्न विभागों के विशेषज्ञ डॉक्टरों ने मरीजों की जांच कर आवश्यक सलाह और उपचार दिया गया।
वहीं इस कैंप में त्वचा रोग, ईएनटी, बाल रोग, स्त्री एवं प्रसूति रोग, मानसिक रोग सहित कई विभागों के डॉक्टरों ने अपनी सेवाएं दीं।स्किन डिपार्टमेंट से डॉक्टर साकेत और डॉक्टर अर्पणा ने मरीजों की बारीकी से जांच कर उन्हें दवाईयां मुहैया कराई। ईएनटी विभाग से डॉक्टर रोहिणी, डॉक्टर खुशबू और डॉक्टर आकांक्षा ने भी मरीजों की जांच की।
इसके अलावा पेडियाट्रिक्स से डॉक्टर आशीत और डॉक्टर आशीष शाही और ओबीजी से डॉक्टर प्रियंका कुमारी ने मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य के लिए उचित सलाह दी।वहीं मानसिक रोगों के विशेषज्ञ डॉक्टर राज वर्धन ने भी मरीजों को अपनी सेवाएं दीं।सभी विभागों के डॉक्टरों और पीजी स्टूडेंट्स ने मिलकर इस कैंप को सफल बनाने में अहम योगदान दिया।इस कार्यक्रम के अंत में मेडिकल कैंप में सेवा देने वाले डॉक्टरों और स्वास्थ्य कर्मियों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया।वक्ताओं ने कहा कि ऐसे कार्यक्रम स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाने और जरूरतमंदों तक चिकित्सा सुविधाएं पहुंचाने में अहम भूमिका निभाते हैं।