Edited By Niyati Bhandari,Updated: 28 Jul, 2026 07:43 AM

Chor Panchak July 2026: 31 जुलाई 2026 से शुरू हो रहे हैं चोर पंचक। जानें, क्यों इन 5 दिनों में नया बिजनेस, दक्षिण दिशा की यात्रा और धन का लेन-देन करना माना जाता है अशुभ।
Chor Panchak July 2026: हिंदू धर्म में किसी भी शुभ कार्य को करने से पहले सही मुहूर्त और काल का विचार करना अत्यंत आवश्यक माना गया है। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, कुछ समय ऐसे होते हैं जिन्हें बेहद अशुभ माना जाता है और 'पंचक' उन्हीं में से एक है। इस साल जुलाई महीने के आखिरी दिन यानी 31 जुलाई 2026 से पंचक की शुरुआत हो रही है। चूंकि इस बार पंचक की शुरुआत शुक्रवार के दिन से हो रही है, इसलिए शास्त्रों में इसे 'चोर पंचक' की संज्ञा दी गई है। ज्योतिष गणना के अनुसार, जब चंद्रमा धनिष्ठा नक्षत्र में प्रवेश करते हैं, तब पंचक शुरू होते हैं और रेवती नक्षत्र से निकलने पर इनकी समाप्ति होती है।
चोर पंचक के दौरान धन हानि और चोरी का योग रहता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, चोर पंचक के ये पांच दिन कुछ विशेष कार्यों के लिए वर्जित है, ताकि किसी भी प्रकार की अनहोनी से बचा जा सके। चोर पंचक में न करें ये काम:
पंचकों में शव का क्रियाकर्म करना निषिद्ध है क्योकि पंचक में शव का अंतिम संस्कार करने पर कुटुंब या पड़ोस में पांच लोगों की मृत्यु हो सकती है।
पंचकों के पांच दिनों में दक्षिण दिशा की यात्रा वर्जित कही गई है क्योंकि दक्षिण मृत्यु के देव यम की दिशा मानी गई है।
चर संज्ञक धनिष्ठा नक्षत्र में अग्नि का भय रहने के कारण घास लकड़ी ईंधन इकट्ठा नहीं करना चाहिए।
मृदु संज्ञक रेवती नक्षत्र में घर की छत डालना धन हानि व क्लेश कराने वाला होता है।
पंचकों के 5 दिनों में चारपाई नहीं बनवानी चाहिए।

पंचक दोष दूर करने के उपाय-
लकड़ी का समान खरीदना अनिवार्य होने पर गायत्री यज्ञ करें।
दक्षिण दिशा की यात्रा अनिवार्य हो तो हनुमान मंदिर में पांच फल चढ़ाएं।
मकान पर छत डलवाना अनिवार्य हो तो मजदूरों को मिठाई खिलाने के पश्चात छत डलवाएं।
पलंग या चारपाई बनवानी अनिवार्य हो तो पंचक समाप्ति के बाद ही इस्तेमाल करें।
शव का क्रियाकर्म करना अनिवार्य होने पर शव दाह करते समय कुशा के पंच पुतले बनाकर चिता के साथ जलाएं।
ध्यान रखें: किसी भी उपाय को आरंभ करने से पहले अपने इष्ट देव का मंत्र जाप अवश्य करें।
