Edited By Niyati Bhandari,Updated: 13 Jun, 2026 12:26 PM

7 Days Astro Remedies for Success: ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, हमारे जीवन की सुख-समृद्धि और सफलता का सीधा संबंध ग्रहों की चाल से होता है। कई बार कड़ी मेहनत के बावजूद हाथ खाली रहते हैं, जिसका कारण कुंडली में कमजोर ग्रह हो सकते हैं। यदि आप भी जीवन में...
Astrology Remedies for Good Luck: अक्सर कड़ी मेहनत और अटूट प्रयासों के बाद भी जब सफलता हाथ नहीं लगती, तो इंसान हताश होकर इसे अपनी फूटी किस्मत मान लेता है। लेकिन ज्योतिष शास्त्र की गहराई में छिपे 'सप्त-दिवसीय' रहस्य बताते हैं कि हमारे जीवन की हर बाधा और सौभाग्य का सीधा संबंध नवग्रहों की चाल से होता है। यदि हम सप्ताह के हर दिन को उसके अधिष्ठाता देवता और ग्रह के अनुरूप ढाल लें, तो मिट्टी में हाथ डालने पर भी वह सोना बन जाती है। इस विशेष लेख में हम आपको उन सात अचूक उपायों के बारे में बताएंगे, जो रविवार से लेकर शनिवार तक आपके जीवन में सकारात्मकता का संचार कर आपके करियर, धन और मानसिक शांति के मार्ग को प्रशस्त करेंगे।
ज्यादातर घरों में अक्सर देखा गया है कि जब बच्चों को नजर लग जाती है तो उनकी नजर विशेष रूप से मंगलवार या शनिवार के दिन उतारी जाती है। ऐसा क्यों? मंगलवार और शनिवार को चीढ़ा या फड़ा वार माना जाता है। तात्पर्य यह है कि प्रत्येक वार का अपना अलग महत्व है। सप्ताह के इन वारों का सीधा संबंध विभिन्न ग्रहों से है इसलिए जिस ग्रह को शांत करना हो, उससे संबंधित उपाय विशेष वार को किए जाते हैं। प्रत्येक वार के अनुसार नीचे उपाय और टोटके दिए जा रहे हैं जिन्हें आजमा कर आप भी घर-गृहस्थी में शांति का अनुभव कर सकते हैं।
रविवार : यह वार अत्यधिक शुभ है। सभी तरह के शुभ कार्यों की शुरूआत की जा सकती है।
उपाय : सूर्य को उच्च करने के लिए गुड़ और चावल जल में प्रवाहित करें। इस दिन गुड़ से पके चावल और दूध मिलाकर खाएं।
सोमवार : सभी कार्यों के लिए यह वार उपयुक्त है। शादी, नामकरण, गृह-निर्माण, विद्याध्ययन के लिए स्कूल कालेज आदि में प्रवेश के लिए यह वार शुभ है।
उपाय: यदि किसी व्यक्ति की कुंडली में चंद्रमा नीच का है तो वह सफेद वस्त्र पहने एवं श्वेत चंदन का तिलक करे।
मंगलवार : यह कुछ मायनों में शुभ है तो कुछ में अशुभ। इस वार को मकान क्रय-विक्रय ठीक है परन्तु नए वस्त्र पहनना एवं सिलवाना उपयुक्त नहीं है।
उपाय: कुंडली में मंगल नीच का हो तो या मंगली हो तो वह व्यक्ति इस वार को मसूर की दाल एवं मंगल की वस्तुएं स्वयं के लिए उपयोग न करे एवं रेवड़िया पानी में बहाएं।
बुधवार : इस दिन नए वस्त्र पहनने, नए निवास में प्रवेश पूर्व एवं पश्चिम की यात्रा में कोई व्यवधान नहीं।
उपाय : कुंडली में बुध नीच का हो तो साबुत मूंग न खाएं। हरे कपड़े न पहनें। घर की छत पर चौड़े पत्ते वाले पौधे, बांस के समान, चक्की या चक्का के ऊपर का भाग न रखें। मंगल की रात भिगोकर बुधवार को प्रात: मूंग जानवरों को खिलाएं। जिस व्यक्ति का राहू नीच का हो, वह नीले या काले-कपड़े इस दिन न पहने। जेब में हमेशा चांदी का चौकोर टुकड़ा डाल कर रखे।

गुरुवार (बृहस्पतिवार): इस बार को प्रारंभ होने वाले कार्य सफल होते हैं। इस दिन की गई यात्राएं सफलतादायक होती हैं।
उपाय : कुंडली में गुरु को उच्च बनाने के लिए ब्राह्मण को पीले वस्त्र दान करें। कढ़ी-चावल बांटें एवं स्वयं भी खाएं। जिस व्यक्ति का केतु नीच का हो वह केसर खाए। कानों में सोना डाले और केले, गेहूं, गुड़ पीले वस्त्र में बांधकर दान करे।
शुक्रवार : सभी प्रकार के कार्यों के लिए शुभ है। इस दिन सायंकाल में यात्रा करना शुभ होगा।
उपाय : कुंडली में नीच शुक्र वाला व्यक्ति गाय की सेवा करे। दही, लाल ज्वार मंदिर में चढ़ाए। सफेद रेशमी वस्त्रों का दान करें। आलू उबाल कर काली गाय को खिलाए।
शनिवार : इस वार को नए वस्त्र पहनना एवं सिलवाना उपयुक्त नहीं होता। इस वार में नए कार्य आरंभ न करें न कोई यात्रा करें।
उपाय : कुंडली में शनि नीच का हो तो वह व्यक्ति शनिवार के दिन शराब, काले उड़द, मांस, अंडे आदि का उपयोग न करे। दान करे। शनिवार को काला कपड़ा दान करे तथा तेल में पकौड़े निकाल कर कौओं को खिलाए। जिस व्यक्ति का राहू नीच का हो, वह नीले या काले कपड़े इस दिन न पहने। अपनी जेब में सदैव चांदी का चौकोर टुकड़ा रखे। नारियल, बादाम को जल में प्रवाहित करें।
