Edited By Tanuja,Updated: 27 Jul, 2026 04:25 PM

श्रीलंका के देविनुवारा स्थित ऐतिहासिक श्री विष्णु मंदिर में आयोजित सदियों पुराने एसाला पेराहेरा उत्सव का प्रमुख कावड़ी अनुष्ठान सुरक्षा कारणों से रद्द कर दिया गया। पुलिस को दो अपराधी गिरोहों की रंजिश, धमकियों और संभावित ड्रोन हमले की खुफिया सूचना...
International Desk: दो अपराधी गिरोहों के बीच जारी दुश्मनी से उत्पन्न खतरे के कारण श्रीलंका के एक प्राचीन हिंदू मंदिर की सदियों पुरानी वार्षिक धार्मिक शोभायात्रा के एक प्रमुख अनुष्ठान को रद्द करना पड़ा है। पुलिस ने सोमवार को यह जानकारी दी। तटीय शहर देविनुवारा स्थित उत्पलवन्ना श्री विष्णु मंदिर में 23 जुलाई से शुरू हुई एवं एक सप्ताह तक चलने वाली एसाला पेराहेरा (धार्मिक शोभायात्रा) में मंगलवार को होने वाला पारंपरिक कावड़ी नृत्य खुफिया एजेंसियों की चेतावनी के बाद रद्द कर दिया गया है। पुलिस ने सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए मतारा जिले के जिला सचिव को कावड़ी अनुष्ठान रद्द करने का निर्देश दिया है। तेरहवीं शताब्दी से आयोजित की जा रही देविनुवारा एसाला शोभायात्रा श्रीलंका के सबसे प्राचीन और महत्वपूर्ण धार्मिक एवं सांस्कृतिक उत्सवों में से एक है।
इसका आयोजन भगवान विष्णु के सम्मान में किया जाता है, जिन्हें द्वीपीय देश के संरक्षक देवताओं में से एक माना जाता है। पुलिस के अनुसार, यह खतरा मादक पदार्थ तस्करी के भगोड़े सरगनाओं -शेहान सत्सारा और कांजीपानी इमरान- के बीच जारी दुश्मनी से पैदा हुआ है। माना जाता है कि दोनों विदेश से अपने गिरोहों का संचालन कर रहे हैं। अधिकारियों ने बताया कि दोनों प्रतिद्वंद्वियों ने टेलीफोन पर धमकियां दी थीं। सूत्रों के अनुसार, इस वर्ष कावड़ी अनुष्ठान आयोजित करने का ठेका इमरान से जुड़े लोगों के बजाय सत्सारा के समर्थक माने जाने वाले लोगों को दिया गया, जिससे दोनों गुटों के बीच तनाव और बढ़ गया। कावड़ी एक धार्मिक अनुष्ठान है, जिसे श्रद्धालु कृतज्ञता प्रकट करने के लिए करते हैं। इसमें श्रद्धालु अपने कंधों पर आकर्षक ढंग से सजाई गई लकड़ी की संरचनाएं उठाकर ढोल और भक्ति संगीत की धुन पर नृत्य करते हैं।
मार्च 2025 में मंदिर के सामने इमरान गिरोह के दो संदिग्ध सदस्यों की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। आरोप है कि यह हमला प्रतिद्वंद्वी गुट ने किया था। पांच दिन पहले मंदिर के निकट एक मकान पर अज्ञात बंदूकधारियों ने गोलीबारी की थी। पुलिस का मानना है कि यह घटना भी देविनुवारा में जारी अपराधी गिरोहों की आपसी रंजिश से जुड़ी हुई थी। सूत्रों ने बताया कि पुलिस की खुफिया इकाई को यह भी सूचना मिली थी कि शोभायात्रा को निशाना बनाकर हथियारों या ड्रोन के जरिये हमला किया जा सकता है। इसके बाद पुलिस महानिरीक्षक ने सुरक्षा व्यवस्था कड़ी करने के निर्देश दिए और कावड़ी अनुष्ठान रद्द करने का भी फैसला लिया।