Edited By Tanuja,Updated: 12 Aug, 2026 12:06 PM

इंडोनेशिया में बाली के पास यात्री नौका 'पुत्री यास्मीन' में बुधवार सुबह भीषण आग लग गई। नौका में 131 लोग सवार थे। बचाव दल और आसपास के जहाजों ने 106 लोगों को सुरक्षित निकाला है, जबकि 25 अन्य लोगों को बचाने का अभियान जारी है। चार मीटर ऊंची लहरों से...
Jakarta:इंडोनेशिया के पर्यटन द्वीप बाली के पास बुधवार को खराब समुद्री परिस्थितियों के बीच एक यात्री नौका में आग लग गई, जिसके बाद बचाव दल आग पर काबू पाने और नौका में सवार अन्य लोगों को बचाने में जुटा है। अधिकारियों ने बताया कि बचाव दल और आसपास से गुजर रहे जहाजों ने अब तक 106 लोगों को बचा लिया है तथा नौका से अन्य 25 लोगों को भी सुरक्षित निकालने की कोशिश की जा रही है। 'माताराम सर्च एंड रेस्क्यू ऑफिस' के प्रमुख मोहम्मद हरियादी ने कहा, ''सभी यात्रियों और चालक दल के सदस्यों की सुरक्षा हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है।''
उन्होंने बताया कि समुद्र में चार मीटर तक उठ रही ऊंची लहरों के कारण बचाव अभियान में दिक्कत आ रही है। कार्यालय के अनुसार, नौका 'पुत्री यास्मीन' बाली के पैडंग बाई बंदरगाह से पश्चिम नुसा तेंगारा प्रांत में लोम्बोक द्वीप स्थित लेम्बर बंदरगाह जा रही थी, तभी सुबह करीब चार बजकर 15 मिनट पर उसमें आग लग गई। एजेंसी को करीब आधे घंटे बाद आपात स्थिति की सूचना मिली, जिसके बाद उसने कर्मियों और बचाव नौकाओं को तुरंत मौके पर भेजा। हरियादी ने बताया कि बचाव अभियान में इंडोनेशियाई नौसेना के जहाजों, गश्ती नौकाओं, बचाव पोतों और हवाई सर्वेक्षण के लिए एक हेलीकॉप्टर की मदद ली जा रही है।
उन्होंने बताया कि पैडंगबाई बंदरगाह प्राधिकरण की यात्री सूची के अनुसार, नौका में 114 यात्री और चालक दल के 17 सदस्य सवार थे। नौका पर 44 वाहन और 53 मोटरसाइकिल भी लदी थीं। इंडोनेशिया 17,000 से अधिक द्वीपों वाला देश है। यहां नौकाएं यात्रा का आम साधन हैं। देश में अक्सर समुद्री हादसे होते हैं और इसके लिए सुरक्षा नियमों को ठीक से लागू नहीं किए जाने को जिम्मेदार ठहराया जाता है।